🌙✨ चाँद-सितारे
चाँद सितारे, अँधेरी रात और मैं,
दिल में छुपे हैं अनकहे जज़्बात और मैं।
लोग सो जाते हैं सुकून की नींद अक्सर,
मेरी आँखों में जागते हैं ख्वाबों के शहर।
जो कह न सका कभी किसी से मैं,
चाँद से कह देता हूँ वो सारी बात मैं।
ये खामोशी मुझे अकेला नहीं होने देती,
हर रात चाँद से मेरी मुलाकात होती रहती।
दुनिया समझती है तन्हा हूँ मैं यहाँ,
पर चाँद-सितारे रहते हैं मेरे साथ हर दफ़ा। 🌙✨