तुम मोड़ लो रास्ते अपने किसी और सफर के लिए,
मेरे पाँव में तो बस तेरी ही चाहत की ज़ंजीर पड़ी है।
लोग कहते हैं कि बदल जाते हैं वक्त के साथ रिश्ते,
मगर इस दिल की जिद पर आज भी तेरी तस्वीर पड़ी है।
हम तो जी लेंगे तुम्हारी इस बेरुखी के सहारे भी,
आखिर हमारी रूह में तेरी इबादत की लकीर जुड़ी है।