तुम्हें देख फिर इस चाँद को देखता हूँ,
और सोचता हूँ कौन ज़्यादा ख़ूबसूरत है…
चाँद तो बस आसमान में दूर से चमकता है,
पर तुम्हारी मुस्कान तो मेरे दिल को रोशन कर जाती है।
चाँद में तो दाग भी हैं,
पर तुम तो मेरी नज़रों में बिल्कुल बेदाग हो।
सच कहूँ तो हर रात चाँद को देखकर यही लगता है,
काश तुम पास होती… तो चाँद को देखने की ज़रूरत ही
नहीं पड़ती। 🌙✨
_ A singh