प्यार का दूसरा नाम पागलपन है।
कहते हैं कि प्यार और कानून अंधा होता है।।
मेरे ख्याल में जो नादां बन गए वे इंसां बन गए।
परंतु जो प्यार मोहब्बत में फंस गए वे अंधे हो गए।
प्यार एक नशा है
कदम लड़खड़ाए तो मार काट
संभल गए तो जिंदगी बन गई।।
सच्चा दिल साफ प्रेमी मिल गया तो जीवन बन गया।
अन्यथा जीवन भार बन गया।
तू संभल कर चल यह कलयुग है
धोखेबाज अधिक
प्यार करने वाला करोड़ों में एक।।
(विद्यार्थीयों के लिए)