पुरुष की प्रकृति स्वच्छन्द होती है। वो अपराध करके भी संयत और निर्भीक रहता है उसे पता होता है कि उससे अगर कोई गलती हो भी गई तो उसे समाज स्वीकार कर लेगा।परिवार वाले उसे अपना लेंगे ।पुरुष प्रधान समाज की व्यवस्था के अनुरूप ही उसका आचरण होता है। जैसा कि हम सुनते आ रहे हैं कि बलात्कारी को बलात्कारी बनाने के प्रमुख कारणों में से है कि लड़कियों और औरतों का असमय बाहर निकलना और उनका पहनावा।