महाशिवरात्रि पावन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई ब्रह्मदत्त त्यागी
महा शिवरात्रि आज दिनांक 01/03/2022 दिन का: महत्व
हिंदू धर्म में शिव महादेव महाकाल भोलेनाथ शंकर शंभू का स्थान सर्वोच्च है सर्व देवों में शिव महादेव महाकाल भोलेनाथ शंकर शंभू को देवों के देव माना गया, देवों की सहमति के द्वारा ही शिव को परम पूज्य भगवान माना गया,
सर्व देवों में महादेव ही पूजनीय है, और उनके पुत्र श्री गणेश जी को सभी देवों में प्रथम स्थान दिया गया- ब्रह्मदत्त
🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏
इस परिवार के सदस्य
भगवान शिव महादेव महाकाल भोलेनाथ शंकर शंभू शिव की पत्नी माता पार्वती कार्तिकेय एवं श्री गणेश और उनकी बहन हैं। अशोक सुंदरी
महा शिवरात्रि 2022: तारीख और पूजा का समय अब शुभ मुहूर्त जानते हैं......
संपूर्ण जानकारी विस्तार पूर्वक ब्रह्मदत्त
सभी शिव भक्तों को शुभ पावन पर्व महाशिवरात्रि पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई ब्रह्मदत्त त्यागी हापुड़ एवं समस्त शिव भक्तों की तरफ से,
ॐ त्र्यंबकम यजामहे सुगंधिम पुष्टि वर्धनम उर्वारुकमिव बंधनान् मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्-ब्रह्मदत्त त्यागी हापुड़
ॐ हं हनुमते नमः ब्रह्मदत्त
ॐ हं हनुमते नमः ब्रह्मदत्त
आज शिव आंशिक अवतार श्री हनुमान जी का शुभ दिन मंगलवार है, बजरंगबली हनुमान जी एवं शिव महादेव महाकाल भोलेनाथ शंकर शंभू को बारंबार प्रणाम नमन नमस्कार है ब्रह्मदत्त त्यागी हापुड़ एवं सभी भक्तों का.... हर हर महादेव जय महाकाल भोलेनाथ शंकर शंभू महाशिवरात्रि शुभ एवं मंगलदायक हो, शुभ मंगलवार की हार्दिक शुभकामनाएं.......अब जानते हैं शिवरात्रि का शुभ मुहूर्त..... ब्रह्मदत्त
महा शिवरात्रि 2022: इस साल महा शिवरात्रि का दिन 01 मार्च यानिकि आज है वर्ष 2022 का यह तीसरा माह है........
महाशिवरात्रि का शुभ मुहूर्त
1 मार्च को ये शिवरात्रि सुबह 3 बजकर 16 मिनट से शुरू होकर बुधवार 2 मार्च को सुबह 10 तक रहेगी. रात्रि की पूजा शाम को 6 बजकर 22 मिनट से शुरू होकर रात 12 बजकर 33 मिनट तक होगी. शिवरात्रि में जो रात का समय होता है उसमें चार पहर की पूजा होती है.
महाशिवरात्रि चार पहर की पूजा का समय
1: पहले पहर की पूजा- 1 मार्च, 2022 शाम 6:21 मिनट से रात्रि 9:27 मिनट तक.
2: दूसरे पहर की पूजा- 1 मार्च रात्रि 9:27 मिनट से 12: 33 मिनट तक.
3: तीसरे पहर की पूजा- 1 मार्च रात्रि 12:33 मिनट से सुबह 3 :39 मिनट तक.
4: चौथे प्रहर की पूजा- 2 मार्च सुबह 3:39 मिनट से 6:45 मिनट तक.
व्रत पारण का शुभ समय- 2 मार्च, 2022 दिन बुधवार को 6 बजकर 46 मिनट तक रहेगा.
1- शिव रात्रि को भगवान शंकर को पंचामृत से स्नान करा कराएं. केसर के 8 लोटे जल चढ़ाएं. पूरी रात्रि का दीपक जलाएं. चंदन का तिलक लगाएं.
2- तीन बेलपत्र, भांग धतूर, तुलसी, जायफल, कमल गट्टे, फल, मिष्ठान, मीठा पान, इत्र व दक्षिणा चढ़ाएं. सबसे बाद में केसर युक्त खीर का भोग लगा कर प्रसाद बांटें.
3 - पूजा में सभी उपचार चढ़ाते हुए ॐ नमो भगवते रूद्राय, ॐ नमः शिवाय रूद्राय् शम्भवाय् भवानीपतये नमो नमः मंत्र का जाप करें.
जय शिव शंकर महादेव महाकाल भोलेनाथ शंकर शंभू नमस्कार स्वीकार करें हर हर महादेव जय महाकाल जय भोलेनाथ....... प्रस्तुतकर्ता ब्रह्मदत्त त्यागी हापुड़