हास्य काव्य:- "यारों चौंके और छक्के"
आई लव यू है कारगर बडा लेकिन अगर सही हो मौका,
हुआ अगर सामने वाला सहमत मारो चौंके और छक्के।
मां से कहे आई लव यू, दुनिया की सारी दौलत पाएंगे,
कहेंगे भाई से तो कामकाज में, दुगुनी मोहलत पाएंगे।
बहनों से कहेंगे आई लव यू राखी के त्योहार पर आयेंगी,
बीवी से कहेंगे आई लव यू तो तन मन धन बहुत पायेंगे।
बस हमने जान लिया आई लव यू काम करे हर मोड़ पर,
तो एक मैडम से आई लव यू ही बोल दिया हमने रोड पर।
फिर तो ऐसा तोहफा पाया, "मित्र"हमने आपने गाल पर,
उभर आई सैंडल की डिजाइन लाल लाल हमारे गाल पर।
इसलिए सोच समझकर आई लव यू का इस्तेमाल कीजिए,
वरना बीच सड़क भरे बाजार में, सैंडल का प्रसाद पाएंगे।
(इस काव्य रचना में अभिव्यक्त मनोभाव सिर्फ हास्य व्यंग के हेतु है।)
✍️मनिष कुमार "मित्र" 🙏