में सो भी जाता अगर तू मेरे सीने ने सिर रख कर एक पल सो जाता है,
मेने उमीद ताउम्र की तेरे साथ जीने की नहीं की, एक ज़रिए यादों की तबाही माँगी।
छुप जाता रूह से इश्क़ का कसूर मेरे हिस्से की कहानी के किस्से से बनी आवारगी में,
तू हरदम मेरे साथ लिपटकर दिल में रह जाए ऐसी खुदा से गुजारिश कर कसमें माँगी।
DEAR ZINDAGI 🤗