#तुम्हारा
शिकवे , शिकायतों
की लम्बी फेहरिस्त,
अभागे मन अभागे पन,
जैसी अनगिन बातें,
कभी विरह , कभी वियोग,
कभी मन बेचैन तो,
कभी झर झर बहते ये नैन,
टूटे ख्वाब समेट,
सिरहाने
जब भोर भोर मन,
उठता है,
एक जिंदगी हर भोर,
प्रेम से सहला,
जाती है,
संघर्ष भरे राह में भी,
पल दो पल ये,
तुम से आ मिलता है,
महकता चहकता सा,
पत्थर में भी,
मुस्कुरा कर खिलता है,
ये #तुम्हारा साथ नहीं,
तो और क्या है,
कैसे कह दूं ,
तुम नहीं हो
साथ मेरे.l