शिक्षा ही स्वर्णिम भविष्य का आधार
श्रीमती डा. शशिबाला श्रीवास्तव जो कि एक शिक्षाविद् एवं मो.ह.गृहविज्ञान महाविद्यालय जबलपुर की प्राचार्या भी है, उनका कथन है कि शिक्षा ही सफलता का मूलमंत्र है। उनके अनुसार शिक्षा का जीवन में महत्वपूर्ण स्थान है। यह विषेष रूप से भारतीय नारियों के लिये बहुत आवश्यक हैं।
मेरे मन में बचपन से ही नारी जगत के लिये क्रांतिकारी विचार रहे है। मैं अपने बाल्यकाल में भी सदा ही लडकियों को लडकों के समकक्ष मानती थी। मुझे ऐसा लगता था कि लडकियों में लडकों से अधिक सहनशीलता, क्षमता, योग्यता एवं रचनात्मकता होती है। नारी अपने आप में परिपूर्ण होती है और उसमें पुरूष वर्ग को जीवन के हर क्षण में अपनी सलाह एवं सहारा देने की योग्यता रहती है। मेरे विचार से इस क्षमता के पीछे उसका आत्मविश्वास होता है जो कि उसके शिक्षित होने पर और भी सुदृढ हो जाता है।
मेरे जीवन में भी शिक्षा को लेकर एक बार बहुत विघ्न आया था। मैं एम.एस.सी की परीक्षा प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण करने के पष्चात पी.एच.डी करना चाहती थी और मुझे दाखिला भी मिल रहा था किंतु मेरे ही घर के एवं आस पडोस के लोगो से मुझे हतोत्साहित करते हुये अपनी सलाह दी कि पी.एच.डी करने से तुम्हें क्या लाभ प्राप्त होगा ? यह तो समय की बर्बादी ही होगी। हमारे घर मे पिता के ना रहने एवं आर्थिक स्थिति मजबूत नही होने के कारण मेरी माँ के रिश्तेदारों ने सलाह दी कि इसकी शादी कर दो क्योंकि यह ज्यादा पढेगी तो लडके ढूँढने में परेशानी होगी, दहेज की माँग भी ज्यादा होगी तो उसका इंतजाम कैसे करेंगें।
मेरी माँ ने इसका जो उत्तर दिया, वह मुझे आज भी याद है। उन्होने कहा था कि मेरी बेटी पढना चाहती है तो मै उसे पढाऊँगी जीवन में कितनी भी कठिनाईयाँ आ जाये यह मेरा अंतिम फैसला है। उनके इस एक वाक्य के कथन ने मुझे जो हिम्मत, सहारा और मार्गदर्शन दिया वह मैं शब्दों में नही बता सकती हूँ। मुझे यू.जी.सी की स्कालरशिप मिली जिससे मेरी पढाई आसान हो गई। मैंने चार साल में थीसिस जमा की एवं मुझे एक शासकीय महाविद्यालय में अस्सिटेंट प्रोफेसर की नौकरी मिल गई।
आज मैं प्राचार्य के पद पर कार्य कर रही हूँ और जब मैं चिंतन करती हूँ तो मुझे महसूस होता है कि यदि उस समय मेरी माँ ने मेरा साथ ना दिया होता तो मैं आज जिस मुकाम तक पहुँची हूँ, यहाँ तक नही पहुँच पाती। मेरा युवा छात्र छात्राओं से अनुरोध है कि वे शिक्षा के महत्व को समझे क्योंकि आपके स्वर्णिम भविष्य निर्माण और निर्धारण इसी पर निर्भर है।