#सुप्रभात मित्रों
" ठंडी और मन्द मन्द हवा चल रही थी "
" प्यारी प्यारी और नन्ने नन्ने पक्षियों की आवाज आ रही थी "
" नील रंग के आकाश में बादल छाये पड़े थे "
" बादलों के बीच सूरज दादा छुपे हुए थे "
" मानो ऐसा सौंदर्य लग रहा था जैसे बादलो में से सूरज दादा चुपके चुपके देख रहे हो ।। "