#Gandhigiri
एक शाम मेरी नज़र झुग्गी के बेबस महिला पर पड़ी जिसका पति उसे मार रहा था। मैं बचाव करने पहुँची और लोग भी एकत्रित हो गए । मैंने उसके पति से पूछा कि किस कारण इसे मार रहे हो । महिला ने कहा, मैडम ये मेरे बच्ची को पढ़ने जाने नहीं देना चाहता है, फीस के पैसे से जुआ खेलता है। फिर मैंने डाँट लगाते हुए कहा कि थाने में मैं तुम्हारी शिकायत दर्ज करा दूँगी। मैंने मोबाइल में उसकी तस्वीर ली ताकि पति के मन में डर घर कर जाए। उसने पैर पकड़ लिए और माफी माँगी। वहीं खड़ी सहेली ने हँसते हुए कहा, वाह! तुम्हारी गाँधीगिरी तो चल पड़ी।