नादांदिल
कौन है क्या हैः
कुछ नहीं है हम|
तेरी महफिल में,|
बुझी शमा है हम ||
बहलाने दिल को,
आज तेरी महफिल में |
दिल तो न बहला |
मीटकर रह गये हम ||
लेकर कहाँ जाए |
टूटा हुआ हम दिल ये |
जब कि दुनिया हि ,
तेरी छोड आये हम ||
सोचा था कुछ तो,
असर होगा प्यार में ||
नादां थे इतने भी,
कुछ समज न पाए हम ||
मुडकर किस को,
देख रहा है ए-दिल ||
कोई नहीं जिसका ,
इन्तजार भी करे हम ||