नहीं सगा वो मेरा कोई
फिर क्यूं इस दिल में क्रंदन है
मेरी उसकी पहचान नहीं तो क्या
इस वीर भूमि का बंधन है
पराक्रम से भरा हुआ वो
एक वीर जननी का नंदन है
दुश्मन के बीच वो खड़ा धैर्य से
शौर्य की आग से निकला कुंदन है
उसके घर आने तक प्रार्थना में है भारत
हे वीर तुझे अभिनंदन है....
#Unknown