ठंड क्या है……क्या है ठंड ?…???
हमारे आत्मबल से ठंड का बल ज्यादा है……. ये सोचना “ये है ठंड ”
ठंड से भयभीत होकर .. बिस्तर में सोते रहना “ये है ठंड ”
उससे डरकर, हाथ पैर धोकर, बिना नहाये, बाथरूम से पीठ दिखाकर भागना “ये है ठंड! ”
उस ठंड को मारने जा रहा हूँ मैं !…..
उसकी छाती चीरकर…… साबुन से नहाने जा रहा हूँ मैं….
जय~ माहिष्मती~ !!! ????? happy winter