✍️दोस्ती चाहता था…
किसी से उनका सब कुछ नहीं उनसे दोस्ती,
चाहता था।
समझे वो मेरी भी भावनाओं को ऐसी हस्ती
चाहता था।
जाने क्यों मुझे वो अच्छे लगने लगे,
में भी उनकी मस्त आंखों की मस्ती,
चाहता था।
मैं चाहता कि वो भी मुझ से दोस्ती करे,
पहुंचाए वो भी मुझे जन्नत के उस पार ऐसी कशती,
चाहता था।
लेकिन हो गई मुझ से एक बहुत बड़ी खता,
यकीन मानो पहले में तुम से कुछ नहीं तुम्हारी दोस्ती,
चाहता था।
✍️दलीप कुमार