"तू ही जिंदगी, तू ही विश्वास है"
तू ही जिंदगी, तू ही विश्वास है,
तू ही प्यास, तू ही यार, तू ही मेरा खयाल है।
दूर होकर भी तू हर पल मेरे **पास** है,
तेरा होना ही तो मेरे लिए सबसे **खास** है।
धड़कनें चलती हैं लेकर तेरा नाम,
तुझसे ही शुरू, और तुझपे ही खत्म, दिन और साम है।
तेरी चाहत का दिल को अनोखा **एहसास** है,
बुझती नहीं जो कभी, तू वो मुकम्मल **प्यास** है।
तू ही जिंदगी, तू ही विश्वास है...
जब भी देखा आईने में, तेरा ही अक्स पाया,
तूने अपनी मोहब्बत से इस कदर मुझे सजाया।
तू ही मेरी बंदगी, तू ही मेरी **आस** है,
तेरे दम से ही चलती मेरी हर एक **सांस** है।
तू ही जिंदगी, तू ही विश्वास है...
जमाने की परवाह नहीं, जब तेरा साथ है,
सूखी पड़ी इस जिंदगी में वफा का फूल है।
अब मिट नहीं सकती ये दूरी, तू धड़कन के **आस-पास** है,
मेरी रूह को बस तेरी ही मोहब्बत की **रास** है।
तू ही जिंदगी, तू ही विश्वास है,
तू ही प्यास, तू ही यार, तू ही मेरा खयाल है...
अश्विन राठौड़ "स्वयम'भू"