चौपाई - गम मत डेरा डालो मन पर
हम जीवन पथ चलना चाहें।
बनो नहीं बाधक मम राहें।।
रहा करो तुम अपने घर पर।
गम मत डेरा डालो मन पर।।
इतना भी मत करो शरारत।
मूरख क्या जो आप उघारत।।
तुमसे यूँ भी हम कब डरते।
चाहत नहीं तुम्हारी मरते।।
मान चुनौती आगे बढ़ते।
कठिन राह पर भी हम चलते।।
मान यार अब मेरा कहना।
अब तू हमसे सीखे डरना।।
दिल मेरा कमजोर नहीं है।
तेरा कोई जोर नहीं है।।
हर बाधा से लड़ना सीखा।
खट्टा-मीठा या हो तीखा।।
चाल चले तेरी न कोई।
जीत कभी तेरी नहिं होई।।
कोशिश चाहे जितना कर लो।
मौका है चुपचाप निकल लो।।
बात समझ मेरी यदि आई।
बन जाओ तुम मेरे भाई।।
फर्क नहीं पड़ना है मुझ पर।
गम मत डेरा डालो मन पर।।
सुधीर श्रीवास्तव