बरसात और दिल मिलनें
बरसात की झिमझिम, दिल में मचाये तूफान,
मिलन की आस में, आँखों में छलक आये पानी।
बूंदें धरती को, सींच रही प्यार से,
दिल भीतर तरसता, तुझसे मिलने की आस में।
हरियाली फैली है, चारों तरफ,
दिल भी हरा भरा है, तेरे इंतजार में।
पवन मंद-मंद, गा रहा है गीत,
दिल भी गा रहा है, तेरे ही नाम का।
कब होगा मिलन हमारा, ए मेरे प्यार,
बरसात की तरह, भीग जाऊं तेरी बाहों में।
दिल टूटता है, हर पल तेरी याद में,
आ जा मेरे जीवन में, बरसात बनकर।