मुझे मेरे अपनों से कोई गिला शिकवा नहीं है मैं जिस जगह रहता हूं जिस समाज में रहता हूं उनसे मुझे कोई शिकायत नहीं है.. फिर भी मुझे दुनिया से कोई लेना देना नहीं है मैं खुद में ही मस्त रहने वाला इंसान हूं मैंने महसूस किया है जब मैं बुरे वक्त में था यहां के कोई लोग मेरे साथ नहीं थे..!!