आप ख़ुद बाहुबली बनकर कारण जानो कि हमारा कैलास पर्वत और मानसरोवर तीर्थ चीन के हिस्से में व ननकाना साहेब पाकिस्तान के हिस्से में किस की ग़लती से कैसे चले गए?
और भी बहुत सारी गलतियां हैं
हे_युवा_देश...!
अपनी दिशा और दशा बदलो। यह समय मज़ाक़ों का नहीं है, वह करो जो करणीय है।
चिन्तन का विषय है।
"हम क्या थे, क्या हो गए, और क्या होंगे अभी,
आओ विचारे मिल कर ये समस्याएं सभी।"
हम सबका कर्तव्य है कि इतिहास की गलतियों का विवेचना करें देशहित में और भविष्य में उन गलतियों को न दोहराने का प्रण ले, तब ही हमारी मातृभूमि, हमारी संस्कृति, हमारा धर्म सशक्त, समृद्ध व सम्मानित होगा।
"जो सेक्युलर जाहिल कहते है कि हस्ती मिटती नहीं हमारी।
जा कर देख,
अफगान, पाक, बांग्लादेश में बस्ती दिखती नहीं तुम्हारी।।"