कोई आंखों से दिल में बस जाए तो क्या कीजिये।
उसे कहिए अपने दिल की बात और प्यार कीजिये।
जरूरी नहीं कि कोई आपको एक नज़र में पसंद करे।
थोड़ा आगे बढ़िए रुकिए और फिर इंतज़ार कीजिये।
कभी-कभी अन्धे के हाथ में भी बटेर लग जाती है।
आपके हाथ में बटेर न लगे तो मुझे माफ़ कीजिये।