कइ दिनों के बाद...
माटी से मिलें हैं आज, जिसने हमें खुद से है मिलाया,
इंसान संग किसान का गुरुर है दिलाया।
😃😃😃
तपती धरती पर बहती छांव,⛳
महकती, गाती, सुनहरी शाम,🌃
चलते माटी पे मुस्काते पांव,👣
करते काम, खाते-पीते और गाते राम।🙏
😃😃😃
आंखों की राहों में, 😶
हसती हुई हरियाली।🍀🌿
पेड़ों पे फल की तैयारी,🍋🍑
लाती है गालों पे लाली।😄
😃😃😃
कइ दिनों के बाद...
माटी से मिलें हैं आज, जिसने हमें खुद से है मिलाया,
इंसान संग किसान का गुरुर है दिलाया।
😃😃😃
- भाविका गोर
#iamfarmer