बेवकूफ था,जो में प्यार कर बैठा बिना तराज़ू पे नापे, तुजको,
एक तुम थी, जो बूंद बूंद प्यार की, संभाल के पिलाया करती थी
तुम समझ ना पाई,कभी इस समंदर को, जिसने हर तूफ़ान को जिया है,
कश्ती ज़रा सी क्या हिली.… तूने तो किनारे पे,आना ही छोड़ दिया... !!
✍️ अलय
💕ALAYSWORK@YAHOO.COM💕
दिनांक ३१ मई २०२०
#बेवकूफ