मोनिका नेक्लेस दैखकर बहोत खुश हो जाती है और कहती है --
मोनिका: - वाव , कितना सुंदर है , थैंक्स विक्की ।
विक्की :- सुंदर तो है , पर तुमसे ज्यादा नही ।
इतना बोलतर विक्की मोनिका को लेकर वही कार मे फिरसे किस करने लगता है ।
इधर अशोक अपनी बेटी जानवी के लिए बहोत परेशान था क्योकी जानता था के अगर जानवी की शादी विकास के साथ हो गया तो जानवी की लाईफ बर्बाद हो जाएगी । अशोक मन ही मन सौचता है और कहता है --
अशोक :- नही नही , मै ये शादी नही होने दूगां । बस 2 दिन बचे है शादी को , मुझे कुछ तो करना होगा । अगर ये शादी हो गई तो जानवी की जिंदगी बर्बाद हो जाएगी । मेरे बाद मेरे बेटी की कोआ नही है , मैं उसे ऐसे किसी भी लड़के के हाथो मे नही सोंप सकता , जिससे इसकी जिदंगी बर्बाद हो जाए ।
शादी की रात , अशोक बहोत परेशान था और सौच रहा था --
अशोक :- ये सब क्या हो रहा है , मैने जानवी को बहोत समझाने की कोशिश की पर वो मेरी कोई बात मानने को तैयार नही , पता नही विकास ने क्या जादू किया है जानवी पर ।
तभी वहां पर आदित्य , रागिनी , रमेश , रश्मि और कृतिका आता है , अशोक को दैखकर खुश हो जाता है और उसके पास जाता है । अशोक को दैखकर आदित्य कहता है --
आदित्य :- क्या बात है अंकल आज आप बहोत टेशन मे दिख रहे हो । आपकी बेटी की शादी हो रही है और आप टेशन मे । आज तो खुशी की रात है ना ।
अशोक :- बेटा आज , पापा से मैं अंकल हो गया ।
आदित्य :- जब रिश्ता ही नही रहा तो मैं आपको किस वजह से पापा कहके बुलाऊ ।
अशोक :- अभी रिश्ता खतम नही हूआ है बेटा । कोर्ट का फैसला अभी आया नही है , जानवी अब भी तुम्हारी पत्नी है , बेटा मैं जानता हूँ तुम हमसे बहोत नाराज हो पर बेटा मैं तुमसे हाथ जौड़कर माफी मांगते हूँ और अपनी बेटी की जिदंगी का भीख मांगता हूँ ।
आदित्य अशोक का हाथ पकड़कर कहता है --
आदित्य :- अरे अंकल , आप ऐसै हाथ मत जोड़ो । माना के कोर्ट ने हमे डिवोर्स डिग्री नही दिया हो । तो फिर भी क्या फायदा पापा । इस कुछ महीनो मे क्या बदल जाएगा । जब वो ( जानवी ) मुझे गलत समझती है और मेरे साथ रहना ही नही चाहती तो फिर मैं क्या करु । अंकल मुझे माफ करना पर मैं आपकी कोई मदद नही कर सकता ।
अशोक को आदित्य के सामने हाथ दौड़ते दैखकर मोनिका विक्की से कहती है --
मोनिका :- ये जानवी के पापा आदित्य के सामने हाथ क्यों जोड़ रहे है ।
विक्की :- तो और क्या करेगें । उन्हें अपनी बेटी की चितां है , वो नही चाहेगें के आदित्य यहां पर रहे , क्योकी आदित्य चाहे तो ये शादी रोक भी सकता है ।
मोनिका :- बेचारा , बाप है ना , टेंशन तो होगी ही , पर वो बेसरम आदित्य उसे जरा सा भी सरम नही है । कैसे मुह उठाकर के तला आया ।
मोनिका इतना बोलती है और अपना फोन निकाल कर अशोक और आदित्य का विडियो बना लेती है , जिसमे अशोक आदित्य के सामने हाथ जौड़कर खड़ा था ।
अशोक :- 6 महिना बहोत होता है बेटा । तब तक मैं जानवी के सामने विकास का सच ला दुगां पर उसमे तुन्हारा भी साथ चाहिए होगा ।
रश्मि: - पर आप खुद जाकर शादी क्यों नही रोक रहे हो । इसमे आदित्य को क्यों फसा रहे हो । ऐसे मे तो आदित्य फिर से जानवी के नजर मे और सबके नजर मे गिर जाएगा ।
अशोक :- बेटा, तुम्हें क्या लगता है , मैने जानवी को रोकने की कोशिश नही की , एक बाप होने के नाते मुझे तुमलोगो को ये बताने मे शर्म महसूस हो रहा है के मेरी बेटी ने मुझसे कहा के अगर आशिर्वाद देना है तो शादी मे आना वरना ...
इतना बोलतर अशोक रोने लगता है , मोनिका यहां तक विडियो बना लेती है और सेव कर लेती है ।
आदित्य अशोक का हाथ पकड़ता है और कहता है --
आदित्य :- आप मुझसे क्या चाहते हो ?
अशोक :- इस शादी को रौक दो । बेटा मुझे विश्वास है के जानवी को एक दिन सारी सच्चाई का पता चल जाएगा और वो विकास से अलग हो जाएगी । भले ही वो पुरी जिंदगी कुंवारी रहे पर अगर उसकी शादी विकास से हो गई तो विकास जानवी से हमारी सारी दौलत हड़प लेगा और फिर जानवी अकेला छोड़ देगा । इसिलिए बेटा अब सिर्फ तुम ही मेरी हो जो मेरी बेटी को रौक सकते हो ।
आदित्य कुछ दैर सौच कर कहता है --
आदित्य :- जब वो आपकी नही सुनी तो मेरी क्या सुनोगी ।
तभी रागिनी कहती है --
रागिनी :- तुम इसे रौक सकते हो आदित्य ।
आदित्य :- पर कैसे ?
रागिनी :- मेरे पापा लॉयर है और इसिलिए मुझे कुछ कानून मालुम है । जानवी अब भी तुम्हारी पत्नी है तुम की कानूनी डिवोर्स नही हूआ है । अभी सिर्फ डिवोर्स एप्लीकेशन सबमीट हूआ है । इसिलिए जानवी अब भी कानूनन पत्नी है और जब तक तुम दोनो को कोर्ट से डिवोर्स ना मिल जाए । तब ना तुम शादी कर सकते हो और ना ही जानवी । अगर तुम दोनो मे से कोई शादी करता है तो उसे बिगैमी कहते है और ऐसे मे IPS 494 के तहत उसे 7 साल की सजा और भारी जूर्माना भी हो सकता है ।
रागिनी से इतना सुनकर आदित्य और अशोक खुश हो जाता है और आदित्य अशोक से कहता है --
आदित्य :- पापा जी । अब आप आराम से बैठिए और फिर दैखिए मैं अपनी को कैसे रोकता हूँ ।
आदित्य के मुह से पापा सुमतर अशोक खुश हो जाता है और आदित्य का हाथ पकड़कर कहता है --
अशोक :- थैंक्यू बेटा , थैंक्यू ।
इतना बोलकर अशोक निश्चित होकर एक जगह पर बैठ जाता है । आदित्य भी अपने दोस्तो के साथ एक जगह पर जाकर बैठ जाता है , आदित्य को दैखकर जानवी विकास का हाथ पकड़ लेती है ताकी आदित्य को जला सके । पर आदित्य हल्की मुस्कान के साथ जानवी की तरफ दैख रहा था ।
तब आदित्य अपना फोन निकालता है और पुलिस स्टेशन मे फोन करता है तो वही इंस्पेकटर फोन उठाता है जिसने आदित्य को मारा था आदित्य इंस्पेक्टर को सब बोलकर सुनाता है । थाने वाले कहता है के वो लोग जल्दी ही पहूँच जाएगें ।
तभी वहां पर मोनिका और विक्की पहूँच जाता है मोनिका आदित्य से कहती है --
मोनिका :- आदित्य तुम इतने बेशरम होगें ये मैने कभी नही सौचा था । तुम यहां पर कैसे आ सकते हो ।
कृतिका :- मैं वही तब से सौच रही हूँ के नागिन अभी तक जहर क्यों नही उगल रही है । तुम तो बिना जहर उगले रह ही नही सकती , है ना ।
कृतिका की बात पर मोनिका को बहोत गुस्सा आती है , तब कृतिका फिर कहती है --
कृतिका :- शरम आदित्य को नही तुम्हें आना चाहिए । क्योकी तुम इसके पिछे हर जगह पहूँच जाती हो ।
मोनिका :- कौन कितना बेशरम है मैने अभी अभी दैखा , वो जानवी के पापा तुम लोगो से बार बार हाथ जौड़कर तुमलोगो को यहां से जाने के लिए बोल रहे थे और फिर तुम लोग बेशरमो की तरह यहां पर आकर बैठ गए ।
आदित्य कहता है --
आदित्य :- क्या करु पत्नी है वो मेरी, मैं उसे किसी और की कैसे होते दै सकता हूँ ।
मोनिका ये सुनकर चोंक जाती है और कहती है --
मोनिका :- शादी नही होने देना चाहती का क्या मतलब । तुम क्या करने वाले हो ?
आदित्य कुछ नही बोलता और बस एक हल्की मुस्कान देता है । जिससे मोनिका परेशान हो जाती है और कहती है --
मोनिका :- तुम ऐसा कैसे कर सकते हो । तुम दोनो की तो डिवोर्स हो गया है ।
आदित्य :- अभी हूआ कहां है । अभी तो सिर्फ एप्लीकेशन सबमीट हूआ है । कोर्ट का फैसला आना अभी बाकी है ।
मोनिका :- इसका मतलब तुम यहाॉ पर शादी रोकने के लिए आए हो ।
मोनिका हसती है और कहती है ---
मोनिका: - हा हा ... तुम्हें लगता है जानवी तुम्हारे कहने से रुक जाएगी ।
आदित्य :- अहां । मैं नही रोकुगां ।
मोनिका :- तो फिर कौन रोकेगा ।
To be continue......407