शहनाई की गूंज, गेंदे के फूलों की मादक महक और हवन कुंड से उठते पवित्र धुएं ने उस पुरानी हवेली के विशाल प्रांगण को एक जादुई आभामंडल से भर दिया था।
हवेली की वह पुरानी छत, जिसकी पारंपरिक गाटर-पटिया की मज़बूत नींव इस बात की गवाह थी कि इस घर में रिश्ते भी उसी मज़बूती से बांधे और निभाए जाते हैं।
आज उसी छत के नीचे एक नई कहानी की शुरुआत हो रही थी।
मंडप के बीचों-बीच वेदी की अग्नि प्रज्वलित थी। लाल सुर्ख जोड़े में सजी दुल्हन अपनी नज़रें नीची किए बैठी थी।
हम पहली बार इस ऐप पर कहानी प्रकाशित करने जा रहे हैं,,,
जल्द ही पढ़िए
Half Marriage.. एक अनकही कहानी ❣️
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