एपिसोड 21: नई ऊर्जा का उदय
पटना शहर की शांत सुबह टूट गई। माया और इशान का नया घर—सफेद दीवारें, बड़ा बगीचा—सूर्य की किरणों से नहाया। दो साल बीत चुके थे ब्रह्मांड राजा की हार के। माया किचन में खड़ी, चाय बनाते हुए इशान को बुलाई। "इशान, सालगिरह मुबारक! याद है, चंद्रमा से लौटकर पहला दिन?" इशान आया, पीछे से गले लगाया। उसकी साँसें गर्म। "कैसे भूलूँ? तेरी बाहों में लौटा था। प्यार ने जीवन दिया।" गहरा चुंबन। माया शरमाई। "बच्चे देख लेंगे।"नीरा, अब 12 साल की लंबी लड़की, नीली आँखों वाली, कमरे से दौड़ी। "मम्मी-पापा, रोमांटिक हो गए!" आरव, 10 साल का शरारती, हँसा। "पापा, ऊर्जा दिखाओ!" इशान ने हवा में नीली चमक बनाई। "ये शक्ति अच्छे के लिए। संगठन गया।" परिवार हँसा। नाश्ता किया। लेकिन रात ढलते ही आकाश में नया नीला तारा चमका। इशान का चेहरा सख्त। "ये सामान्य नहीं। ब्रह्मांड राजा का अवशेष लगता।"नीरा की आँखें चमकीं। "पापा, बुला रहा। नई शक्ति।" आरव उछला। "एडवेंचर! लड़ेंगे!" माया ने फैसला लिया। "परिवार, सतर्क रहो। पुरानी साजिशें लौट सकती।" रात में समाचार चैनल पर हेडलाइंस: "पटना पर रहस्यमयी नीली चमक। लोग बीमार पड़ रहे। ऊर्जा लीक?" परिवार टीवी देखा। माया बोली, "ये हमारी तरह। जाना पड़ेगा।"नई धमकी का प्रकटीकरण: शैडो क्वीनसुबह शहर की ओर। पटना के मुख्य बाज़ार में अफरा-तफरी। लोग बेहोश। केंद्र में एक महिला खड़ी—लंबी, काला चमकदार सूट, चेहरे पर आधा नीलकमल टैटू। आँखें गहरी नीली। "शैडो क्वीन!" इशान बुदबुदाया। वह मुस्कुराई। "नीरा, आरव... मेरी ऊर्जा संतानें। लौटाओ शक्ति। मैं ज़ियो की बेटी, वैलेरिया की वारिस। ब्रह्मांड राजा मेरा पिता था। तुम्हारी जीत अस्थायी।"माया आगे आई। "तू हारी हुई। संगठन समाप्त!" क्वीन हँसी, आवाज़ गूँजी। "समाप्त? ऊर्जा अमर। देखो!" उसने हाथ फैलाया। काली-नीली लहरें निकलीं। बाज़ार की दुकानें काँपीं, लोग चीखे। माया ने तुरंत ढाल बनाई—इशान वाली नीली ऊर्जा से। "परिवार, हमला!" नीरा ने लहर रोकी। "रुको!" आरव ने छोटा टॉरनेडो बनाया। हवा घूमी, लहरें बिखरीं। लेकिन क्वीन अटल। "तुम्हारी शक्ति मेरी पूर्वजों की। अधूरी!"इशान ने पहचाना। "तू चंद्रमा सराय की वो छाया! वैलेरिया की बेटी। हमने तुझे सोख लिया था।" क्वीन ने आँख तरेरी। "क्लोन था वो। असली मैं हूँ। संदेश: एवरेस्ट पर आओ। अंतिम द्वार खुलेगा। न आए तो पटना तबाह।" वह काली धुंध में गायब। पीछे ऊर्जा का काला बादल छोड़। लोग गिरे। परिवार ने बचाया। माया बोली, "एवरेस्ट फिर। लेकिन सावधान।"परिवार की तैयारी और हिमालय यात्राघर लौटे। पैकिंग। इशान ने स्पेशल जेट बुक किया। उड़ान से पहले रोमांटिक क्षण। माया-इशान बालकनी में। "इशान, हर जंग में तेरा साथ। प्यार हमारी ढाल।" इशान ने कंधे पर हाथ रखा। "जेट में महासागर देखते, तेरी आँखें। वही प्यार आज भी।" लंबा आलिंगन, चुंबन। बच्चे देखकर शरमाए। "चलो!"हेलीकॉप्टर से हिमालय। बर्फीली हवाएँ। एवरेस्ट बेस कैंप। रात में गुफा। नीरा ने सपना देखा। "माँ, द्वार बुला रहा।" सुबह चढ़ाई। पुरानी गुफा—नीला द्वार चमकता। अंदर शैडो क्वीन। "स्वागत। गोला छुओ, ऊर्जा मिलाओ।" हॉल में रोबोट आर्मी, भूत योद्धा।एक्शन और संयुक्त शक्तिजंग शुरू। माया ने नीली आग उगली। "आओ!" रोबोट पिघले। इशान ने भूत सोखे। "नीरा, आरव—मिलो!" बच्चे हाथ मिलाए। "सुपर वेव!" विशाल नीली लहर। सेना साफ। क्वीन ने काला गोला सक्रिय। गुफा हिली। हिमालय भूकंप। "धरती फिर डूবেगी!"इशान ने कहा, "प्रेम से लड़ो!" परिवार सर्कल। रोमांस लहर—माया-इशान का प्यार, भाई-बहन बंधन, माता-पिता ममता। क्वीन डगमगाई। "ये कमजोरी!" माया ने पकड़ा। "नहीं, ताकत!" बच्चे ने ऊर्जा ट्रांसफर। क्वीन चीखी। "अाााह!" काला गोला फटा। वह धुंध बनी, गायब। द्वार बंद। शांति।क्लिफहैंगर: नया रहस्यबाहर आए। लेकिन नीरा ज़ोर से चिल्लाई। "माँ... अंदर कुछ!" उसकी आँख काली चमकी। क्वीन की छाया नीरा में। "लड़ना बाकी।" परिवार स्तब्ध। नई जंग शुरू।अगले एपिसोड में:
नीरा का आंतरिक संघर्ष। नई सहयोगी की एंट्री। पटना पर नया हमला?