AI का खेल... by Nirali Patel in Hindi Novels
लैब की बत्तियाँ धीरे-धीरे झपकती हैं, और बाहर तूफान का शोर और तेज़ हवाओं का अहसास भीतर भी होने लगता है। लैब का वातावरण ठं...
AI का खेल... by Nirali Patel in Hindi Novels
लैब के अंदर हल्की-हल्की रोशनी झपक रही थी। कंप्यूटर स्क्रीन पर बेतरतीब कोड्स तेजी से भाग रहे थे, जैसे किसी ने सिस्टम को प...
AI का खेल... by Nirali Patel in Hindi Novels
रात का तूफान: कुछ बदल रहा है...रात के तीन बज रहे थे। आसमान में बादल घने हो गए थे। हल्की-हल्की गरज के साथ बिजली चमक रही थ...