Mandir me Tum - 9 in Hindi Drama by Sonam Brijwasi books and stories PDF | मंदिर में तुम - 9

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मंदिर में तुम - 9

ठंडी हवा चल रही थी…कोरिया की सड़कों पर हल्की रोशनी थी…और सुनामी और कृतिक साथ-साथ चल रहे थे…कुछ देर की खामोशी के बाद…

सुनामी (धीरे से, पर यकीन के साथ) बोली - 
हम… इंडिया पहुँचकर शादी कर लेंगे… ❤️

कृतिक रुक गया…उसने उसकी तरफ देखा…

वो बोला - 
इतना आसान लगता है आपको…?😏

सुनामी मुस्कुराई…

वो बोली - 
हाँ…

कृतिक ने भौंहें हल्की चढ़ाईं और बोला—
आपके घर वाले… मान जाएंगे…?

सुनामी ने बिना रुके जवाब दिया—
क्यों नहीं मानेंगे…?

फिर वो थोड़ा उसके करीब आई…

वो बोली - 
उन्हें बस कुछ चीज़ें चाहिए…

कृतिक ध्यान से सुन रहा था…

वो बोली - 
लड़का अच्छा हो…कमाता हो...उनकी बेटी को खुश रखे…

कृतिक हल्का सा मुस्कुराया और बोला—
और…?

सुनामी ने उसकी आँखों में देखते हुए कहा—
और सबसे important…cast एक ही हो…

कृतिक थोड़ा चुप हो गया…

सुनामी तुरंत बोली—
और वो सब आपमें है… ❤️

कृतिक की नजरें नरम पड़ गईं…फिर…

सुनामी ने हल्की शरारत से कहा—
ऊपर से…आप ही तो कहते हो…आपके पापा और मेरे पापा… अच्छे दोस्त थे…

ये सुनते ही…कृतिक का चेहरा बदल गया…उसकी आँखों में एक गहरी सोच उतर आई…

वो बोला - 
हाँ… थे…

उसकी आवाज़ थोड़ी धीमी हो गई… सुनामी ने तुरंत notice किया—

वो बोली - 
क्या हुआ…?

कृतिक कुछ पल चुप रहा…

फिर धीरे से बोला—
अगर… सब इतना simple होता…

सुनामी का दिल हल्का सा धड़क गया…

वो बोली - 
मतलब…?

कृतिक ने उसकी तरफ देखा…उसकी आँखों में प्यार था…पर…
कुछ छुपा हुआ भी था… 😶

वो बोला - 
कुछ बातें हैं…जो मैंने आपको अभी तक नहीं बताई…

हवा अचानक भारी लगने लगी…

सुनामी का हाथ धीरे से उसके हाथ में कस गया—
कौन सी बातें…?

कृतिक ने गहरी सांस ली…

वो बोला - 
इंडिया चलते हैं, वहीं सब बताऊँगा…

सुनामी की धड़कन तेज़ हो गई…उसे पहली बार लगा सब कुछ इतना आसान नहीं है…फिर भी…उसने हल्की मुस्कान दी…

वो बोली - 
ठीक है…जहाँ आप… वहीं मेरी मंज़िल…❤️

कृतिक ने उसका हाथ कसकर पकड़ लिया…पर इस बार…उसकी आँखों में सिर्फ प्यार नहीं था…एक डर भी था… 🔥

रात और भी गहरी हो चुकी थी…हवा ठंडी थी…पर माहौल भारी…
सुनामी और कृतिक एक शांत जगह पर बैठे थे…आज…कृतिक कुछ अलग था…खामोश…गंभीर…

सुनामी ने उसका हाथ पकड़ लिया वो बोली—
अब तो बताइए, क्या छुपा रहे हैं मुझसे…?

कृतिक ने उसकी तरफ देखा…उसकी आँखों में डर था…जो उसने आज तक कभी नहीं दिखाया था…

वो बोला - 
जो मैं बताने जा रहा हूँ…उसके बाद… शायद आप डर जाओ…

सुनामी ने बिना सोचे सिर हिला दिया और बोली—
मैं नहीं डरती…आपके साथ हूँ… ❤️

कृतिक हल्का सा मुस्कुराया…फिर…उसने गहरी सांस ली…

वो बोला - 
मेरे मम्मी-पापा की मौत…

सुनामी का दिल धड़क उठा…

वो बोला - 
…accident नहीं थी…

एक पल में सब शांत…

वो बोला - 
…उनका murder हुआ था…💔

सुनामी की आँखें फैल गईं…

वो बोली - 
क्या…?

कृतिक की आवाज़ अब भारी हो चुकी थी—
और उसकी वजह… मैं था…

सुनामी ने उसका हाथ और कस लिया और बोली—
ऐसा मत कहिए…

कृतिक ने सिर झुका लिया…

वो बोला - 
मैं reporter हूँ…और मैंने एक बहुत बड़े crime network का पर्दाफाश किया था…।

उसकी आँखों में वो दर्द साफ दिख रहा था…

वो बोला - 
उन लोगों ने मुझे नहीं…मेरे parents को target किया…

सुनामी की आँखों से आँसू निकल आए…

वो बोला - 
उन्होंने… उन्हें मुझसे छीन लिया…

कृतिक की मुट्ठियाँ कस गईं…

वो बोला - 
सिर्फ इसलिए… क्योंकि मैं सच के लिए खड़ा था…🔥

कुछ पल…दोनों चुप…फिर…

कृतिक (धीरे, डर के साथ) बोला - 
और अब…मुझे डर है…

उसने उसकी आँखों में देखा और बोला—
कहीं… वही लोग…आपको target ना कर लें…💔

सुनामी का दिल जैसे रुक गया…

वो बोला - 
इसलिए…मैं आपसे दूर रहना चाहता था…

उसकी आवाज़ टूट रही थी—
ताकि आप safe रहें…

सुनामी अब रो रही थी…उसने तुरंत उसका चेहरा पकड़ लिया—

वो बोली - 
आप पागल हैं क्या…?

कृतिक चौंका…

वो बोली - 
आपको लगता है…मैं आपको अकेला छोड़ दूँगी…?❤️

उसकी आवाज़ में दर्द भी था…और गुस्सा भी…

वो बोली - 
डर तो मुझे भी लगता है…पर आपसे दूर रहने से ज्यादा…

वो और करीब आ गई—
आपके बिना जीने से…

कृतिक की आँखें भर आईं…

सुनामी (धीरे, पर मजबूत आवाज़ में) बोली - 
अगर खतरा है…तो हम साथ फेस करेंगे...आप अकेले नहीं हो… ❤️

कृतिक अब खुद को रोक नहीं पाया…उसने सुनामी को कसकर गले लगा लिया…जैसे वो उसे खोने के डर से… पकड़ कर रखना चाहता हो… 💔❤️

वो बोला - 
मैं आपको कुछ नहीं होने दूँगा… 🔥

आज…प्यार सिर्फ एहसास नहीं था…एक जिम्मेदारी बन चुका था…।

कोरिया की रात…शहर शांत था…पर…कहीं न कहीं तूफ़ान उठ चुका था…एक अंधेरी गली में…कुछ लोग खड़े थे…

एक बोला - 
वो reporter… वापस active हो गया है…
और इस बार… वो अकेला नहीं है…

क आदमी ने सिगरेट जलाते हुए कहा—
लड़की को target करो…😈

अगले दिन…सुनामी ऑफिस से निकल रही थी…Si-woo भी उसके साथ था…

वो बोला - 
Ma’am, I’ll drop you…

सुनामी ने मुस्कुराकर सिर हिलाया—
Okay…

दोनों पार्किंग की तरफ बढ़ रहे थे…तभी…अचानक…एक वैन उनके सामने आकर रुकी… 🚐🔥 Si-woo कुछ समझ पाता…
उससे पहले…दो लोग बाहर निकले…

एक बोला - 
Grab her!😈

सब कुछ इतनी जल्दी हुआ…एक आदमी ने सुनामी का हाथ पकड़ लिया…

वो बोली - 
छोड़ो मुझे!

वो जोर से चिल्लाई…

Si-woo ने तुरंत उसे खींचकर अपनी तरफ किया—

वो बोला - 
Don’t touch her!

उसने एक को धक्का दिया…पर तभी…पीछे से किसी ने उसे मारा…Si-woo गिर गया… 💔

वो चिल्लाई -
Si-woo!

तभी…एक आदमी ने उसे पकड़ लिया…

एक आदमी बोला -
चल हमारे साथ…

और तभी…एक भारी आवाज़ गूंजी -
हाथ छोड़...🔥

सब रुक गए…वो आवाज़…कृतिक की थी… 😈🔥 वो सामने खड़ा था…आँखों में आग…

वो बोला - 
मैंने कहा… हाथ छोड़…

उसकी आवाज़ इतनी खतरनाक थी…कि एक पल को सब freeze हो गए…पर…

एक आदमी चिल्लाया -
मारो इसे!

अगले ही पल…कृतिक उन पर टूट पड़ा… 🔥 हर वार...गुस्से से भरा…हर punch में…अपने parents का दर्द था… 💔 एक-एक करके…सब गिरते गए…कोई भागा…कोई चिल्लाया…कुछ ही मिनटों में…सब खत्म… 😈 सुनामी काँप रही थी…वो तुरंत कृतिक के पास भागी…

वो बोली - 
आप ठीक हो…?

कृतिक ने उसे कसकर पकड़ लिया…

वो बोला - 
मैं हूँ…आप ठीक हो…?

सुनामी ने सिर हिलाया…पर उसकी आँखों में डर साफ था…तभी…
Si-woo धीरे-धीरे उठा…उसके माथे से खून निकल रहा था…

वो बोला - 
I’m okay…

सुनामी तुरंत उसके पास गई बोली—
आपको चोट लगी है…

Si-woo हल्का सा मुस्कुराया और बोला—
Worth it…😏

कृतिक उसकी तरफ बढ़ा…दोनों की नजरें मिलीं…इस बार…
respect और भी गहरा था…

कृतिक (गंभीर आवाज़ में) बोला - 
Thanks…

Si-woo ने सिर हिलाया और बोला—
Take care of her…

पुलिस सायरन दूर से सुनाई देने लगे… 🚔आज…कृतिक के दुश्मनों ने कोशिश की थी…पर…इस बार… वो हार गए… हमेशा के लिए… 🔥 सुनामी कृतिक के सीने से लगी थी…उसकी चूड़ियाँ फिर से खनकीं…पर इस बार…उनकी आवाज़ में डर नहीं…सिर्फ राहत थी… ❤️