जिंदगी के दूसरे किनारा
पार्ट 4
और
तभी वह लड़की मेघना को देखती है
और मुस्कुरा कर हल्की लहजे में कहती है
गुड मॉर्निंग मेघना
और तभी उस लड़की की बातें सुनते ही
मेघना
उस लड़की को देखते हुए
अपने चेहरा गंभीर बना लेती है
और फिर हल्के से सर हिलाती है
बिना बोले गुड मॉर्निंग कहते हुए
और तभी वह लड़की मेघना को देखते हुए
हल्के तिरछे पलते हुए दक्षिण की ओर आगे बढ़ जाती है
अपने होठों पर फीकी मुस्कान लिए
वह लड़की समझ जाती है कि मेघना
को उस की वार्ताओं पसंद नहीं आया
और वही मेघना के चेहरे पर साफ देखा जा सकता है
कि उसे वह लड़की बिल्कुल पसंद नहीं है
और तभी वो आंटी चिल्लाते हैं गुस्से में
हल्के रिएक्ट करते हुए हल्की ऊंची आवाज में कहती है
अब वहां खड़ी क्यों है
कब से यहां कचरा फैला कर रखी है
और वही मेघना
आंटी की बातें सुनते ही
आंटी की तरफ देखते हुए भी
अपने हाथों से दरवाजा छोड़ते हुए
धीरे-धीरे करके हाथो को नीचे करने की कोशिश करती है
और वही आंटी अपने दाएं हाथ को मेघना की तरह
बढ़ा कर हवा में लहराते हैं
और उसे देखते हुए
हल्के नजर नीचे करती है
और कचरे की पॉलिथीन की तरफ देखते हुए
और रियाक करते हुए
गुस्से में ऊंची आवाज में कहती है
सारे कचरा उठाओ और डस्टबिन में डाल के आओ
और यह कहते हैं
आंटी कचरे की पॉलिथीन की तरफ से नजर उठाकर
मेघना की तरफ देखते हुए
और रियाक करते हुए
अपनी हाथों की उंगली मेघना के तरफ पोईट करके हुए
ठिका देती है
और वही आंटी की बातें सुनते हुए
मेघना अपने हाथों को नीचे करते ही
सीधे खड़ी होकर हल्की सर हिलाते हुए
हल्की आवाज में कहती है
अच्छा आंटी मैं कर दूंगी
और तभी अचानक वह आंटी अपने हाथों की उंगलियों को मोढ़ते हुए
अपनी हाथों को नीचे करते हुए
और झाकते हुए
मेघना के घर की तरफ देखती है
और घर में पहले सारे सामान को देखकर
गुस्से में ऊंची आवाज में कहती है
घर के क्या हालत बना कर रखी है
तुमने
और तभी मेघना
आंटी को ऐसे करते देख
हल्के मोड़ते हुए अपने घर के तरफ देखती है
और वही आंटी मेघना के घर की तरफ देखते हुए
दोनों हाथों हवा में लहराते हुए
हल्के सर घूमते हुए कढ़ी निगाहों से
मेघना की तरफ देखते हुए
और तिखी रियाक करते हुए
कढ़ी और ऊंची आवाज में कहती है
मतलब काम नहीं है
तो घर की सफाई भी नहीं होती
और तभी अचानक मेघना
अपने कमरे की तरफ देखते हुए
आंटी को गुस्से में बोलते देख
अपनी नजर घुमा कर गहरी घबराहट भरी निगाहों से
आंटी की तरफ देखती है
और हल्के दाएं हाथ उठाते हुए हवा में लहरा कर
हाथों से रिएक्ट करते हुए
हल्की आवाज में
आंटी को रिलैक्स करने की कोशिश करते हुए
कहती है
आंटी डॉन'टी वरी मैं कर लूंगी
और
तभी मेघना के बातें सुनते ही
आंटी अचानक से रियाक्ट करते हुए
अपने हाथों को रोकते हुए
और ठहर जाती है 2 सेकंड तक
और फिर
मेघना की तरफ कढ़ी आंखों से देखते हुए
और फिर 2 सेकंड बाद
गुस्से में थोड़ी हल्की आवाज में कहती है
क्या मतलब कर लगी
और यह सुनकर ही मेघना अचानक से
अपने हाथ को हवा में रोकते हुए
और ठंडी भाव के साथ
गहरी आंखों से आंटी की तरफ देखने लगती है
और वही आंटी यह कहते हुए
अचानक से अपने हाथों हवा में लहराते हुए
रिएक्ट करते हुए
ऊंची आवाज में गुस्से में कहती है
पहले तो काम करती थी
इसलिए अपने कमरे और दरवाजे के पास
कचरा फैला कर रख रखी थी
और वही मेघा आंटी की बातें सुनते हुए
थोड़ी मंडी तिरछी कर लेती है
और धीरे-धीरे अपने हाथों को नीचे करने लगती है
और
वही आंटी अपने हाथों से रिएक्ट करते हुए
और गुस्से में अपनी बातों को आगे बढ़ते हुए कहती है
और आप तो कोई काम भी नहीं करती
तो रूम भी साफ नहीं होती
तुम से
हां पागल लड़की
और
वही मेघना पूरी तरह से अपने हाथ को नीचे करते हुए
और मंडी तिरछी करते हुए
हल्के हल्के अपनी आंखें बंद करते हुए
उदासी मन से
खुद से कहती है
अरे यार
और फिर हल्के हल्के अपनी आंखें
खोलना लगती है
और
वही आंटी अपनी बातों को बताते हुए
मेघना को और भला बुरा कहने लगती है
तेज आवाज में दोनों हाथों से रिएक्ट करते हैं
अभी तक समझ में नहीं आया की
किराए की रूम को भी
अपने घर की तरह रखते हैं
और वही मेघना पलके झपकते हुए
ठंडी भाव से आंटी की तरफ
हल्के तिरछे मंडी करके देख रही है
और यह यही सीन खत्म हो जाती है
और कुछ देर के बाद मेघना
तकरीबन आधे ऐसी पौने घंटा बाद
कचरे की थैली लेकर सड़क के किनारे चल रही है
कचरे को डस्टबिन में डालने के लिए
और उसके आसपास से कुछ गाड़ियां गुजरते हुए जा रहा है और कुछ पैदल चलते हुए लोग भी
और वही
मेघना
उदास चेहरा लिए
और हल्के तिरछी होकर चलते हुए
मंडी को टेरा करते हुए
वह आगे बढ़ रही है
और तभी अचानक उसके पेट के जेब में रखे हुए
फोन बैक पड़ता है
और वहीं सड़क पर कुछ गाड़ियां जा रहे हैं
और आसपास कुछ लोग भी चलते हुए
सुबह-सुबह अपने काम कर रहे हैं
और काम के लिए जा रहे हैं
और वही
तभी मेघना अपने हलके आंखें बंद करते हुए
और अचानक से ठहर जाती है
और फिर सीधे होते हुए
हल्की मंडी नीचे करती है
और हाथ बढ़ाते हुए
अपनी दाहिने पेंट की पॉकेट से अपनी फोन निकाल कर
अपने सामने लाते हुए देखते हैं
और फोन की स्क्रीन देखते ही
हल्के से फीकी मुस्कान होठों से मुस्कुराती है
और फिर उंगलियां बढ़ाते हुए
स्क्रीन को दबाकर फोन उठती है
और तभी उधर से अचानक एक तेज दरार आवाज आती है
दीदी आप कहां है
और कई दिनों से आपने फोन क्यों नहीं किया
और तभी मेघना फोन की दूसरी तरफ की आवाज सुनते ही
अचानक से स्क्रीन की तरफ देखते हुए
हल्की अपनी आंखें बंद करती है
और हल्के अपने सर को पीछे लेते हुए
सर को हल्के ऊपर देखी है
और फिर आंखें खोलते हुए
स्क्रीन की तरह देखते हैं
और
वही लगातार फोन से तेज आवाज आती है
आपको सुनाई नहीं दे रहा
आप इतना लापरवाह क्यों है
फोन में आ रही है
आबाज सुनकर
ऐसा लगता है कि मेघना की कोई बहन है
जिसने मेघना को फोन किया है
और ऊंची तेज लहजे में बोल रही है
और
तभी मेघना स्क्रीन की तरफ देखते हुए
हल्के अपने कदम बढ़ाते हुए
आगे बढ़ती है
और उदासी पन से हल्की आवाज में कहती है
हां बोलो
और मेघना बोलते हुए
आगे डस्टबिन की तरह बढ़ती जाति है
और यह सिन यहीं खत्म हो जाता है
और वहीं दूसरी तरफ कुछ देर बाद
एक दूसरे शहर शहर है
मथुरा
आते जाते गाड़ियां लोगों की शोर शराबा
और इस बीच
एक छोटी सी दो मंजिली घर के अंदर
एक 50 या 55 साल की लेडी
अपनी पूजा रूम में रूम में
एक हाथों में घंटी लिए
और दूसरी हाथों में आरती की थाली लिए
अपने आराध्य भगवान को आरती दिखा रही है
और तभी रूम के बाहर से एक तेज आवाज आती है
मॉम मॉम
और वही एक लड़की जो उस रूम के बाहर
बरांदे से चलते हुए
उस रूम की तरफ आ रही है
उसका नाम रिया है
और रिया अपने हाथ में फोन लिए
आगे उस रूम की तरफ देखते हुए
पूजा वाले रूम की तरफ बढ़ते हुए
और अपने मासे तेज आवाज में हल्के चिड़चिड़ापन में कहती है
मोम मोम
आपकी बेटी ने फिर से फोन काट दिया
और यह कहते हुए
रिया पूजा घर में इंटर करती है
और हाथ में फोन लिए अपनी मां की तरफ देखते हुए
अचानक से ठहर जाती है
और वही वह लेडी आरती दिखाते हुए
अपनी आराध्य देव की तरफ अपनी नजर गराए हुई
हाथों से घंटी बज रही है
अपनी बेटी की बातें सुनते हुए
और तभी रिया
अपनी मां की तरफ देखते हुए
कुछ सेकंड बाद
अपने कदम बढ़ाते हुए
चलते हुए अपने मां के पीछे आती है
और आते ही शिकायत भारी लहजे से कहती है
मुझे नहीं लगता कि उसे हमारा परवाह है
और अगर यह कहानी आप सबको अच्छी लगे तो आगे पढ़ते रहिए
मैं आपकी प्रिय लेखक अभीनिशा❤️🦋💯