यह कहानी उस लड़के की है जिसकी जिंदगी में एक ऐसा मोड़ आया कि सब कुछ बदल गया। सोचा भी नहीं था कि बस का यह छोटा सा सफर उसकी किस्मत का सबसे बड़ा वाकया बन जाएगा। एक ऐसा वाकया जिसने उसकी रातों की नींद, दिल की धड़कन और आंखों का सुकून सब छीन लिया। अयान छोटे से गांव का रहने वाला एक साधारण लड़का था। अपने गांव में उसकी खूबसूरती का कोई मुकाबला नहीं कर सकता था। लेकिन उसकी बदकिस्मती यह थी कि वह गरीब घराने में पैदा हुआ था। सात बहनों का अकेला भाई था।
"कितना वक्त हो गया है। अब तो कोई काम ढूंढ लो," उसकी मां, फातिमा, की आवाज सुनकर वह उठ बैठा।
"अम्मा, मैंने दोस्त से कहा है। वह दो दिनों में शहर में मेरे लिए कोई काम ढूंढ लेगा। जैसे ही मुझे कॉल करेगा, मैं चला जाऊंगा," उसने अपनी आंखें झुकाते हुए कहा। आंखों में शर्मिंदगी और दुख के साए थे।
फातिमा हमेशा की तरह उसे डाँट रही थी कि यह सब कुछ उसकी आलसी आदतों की वजह से हो रहा है। अयान चुपचाप उनकी बातें सुनता रहा क्योंकि जानता था कि मां भी परेशान हैं।
रात में वह तारों भरे आसमान के नीचे लेटा था। "ओ अल्लाह, क्या मेरी जिंदगी में कोई चमत्कार हो सकता है?" उसने धीरे से दुआ की। उसके पिताजी का निधन हो चुका था और मां अकेले घर संभाल रही थी। उसकी आंखों से आंसू निकलने लगे। वह केवल 21 साल का था, लेकिन उसके कंधों पर घर की पूरी जिम्मेदारी थी।
अगले दिन उसके दोस्त की कॉल आई, "तुम शहर आ जाओ, मैंने तुम्हारे लिए काम ढूंढ लिया है।"
अयान ने छोटा सा बैग पैक किया और मां की दुआएं लेकर शहर के लिए निकल पड़ा। बस में करीब एक घंटा बैठा हुआ था कि उसने अपने चेहरे पर किसी की नजरों की तपिश महसूस की। बार-बार खिड़की की ओर देखा लेकिन कोई नहीं था।
फिर अचानक उसने एक लड़की की धीमी आवाज सुनी, "प्लीज मुझे परेशान मत करो।" वह लड़की बहुत तकलीफ में लग रही थी।
अयान ने देखा कि उसकी बराबर वाली सीट पर एक लड़का बैठा था और उस लड़की को परेशान कर रहा था। लड़के ने उसके घुटने पर हाथ रखा।
अयान खड़ा हुआ और लड़के को जोर से मुक्का मारा। बस में हंगामा मच गया। कंडक्टर ने बस रोकी और पुलिस को बुलाया। उस लड़के ने पिस्तल निकाल ली थी, लेकिन अयान ने फुर्ती दिखाकर उसे पकड़ लिया।
उसके बाद उसका दोस्त कॉल करके बोला, "शहर मत आ, यहां कोई काम नहीं है। गांव में ही रुक।"
अयान बस से उतरने ही वाला था कि उसने उस लड़की को देखा। उसने कहा, "मेरे लिए भी टिकट खरीद लो।"
अयान ने अपने हाथों से सोने का कंगन उसके हाथ में दिया। "यह तुम पैसों की जगह ले लो," उसने कहा।
लड़की का नाम लीना था। उसने बताया कि उसके माता-पिता का निधन हो गया और उसके रिश्तेदार उसे बेचने वाले थे। वह घर छोड़कर शहर आ गई थी और सुरक्षित जगह चाहिए थी।
अयान ने सोचा कि अपने घर में इतनी जगह नहीं है और परिवार पहले से ही मुश्किल में है। लेकिन लीना ने फिर भी उसे भरोसा दिलाया कि वह उसे परेशान नहीं करेगी।
अयान उसे अपने घर ले आया। उसकी बहनों ने विरोध किया, लेकिन मां फातिमा ने उसे घर पर रख लिया। लीना ने अपने साथ जेवर लाए थे। जब भी घर में परेशानी आती, वह अयान को कंगन देकर मदद करती थी।
धीरे-धीरे अयान को लगा कि वह लीना से प्यार करने लगा है। लेकिन उसने खुद को गरीब और कमजोर समझा। वह चाहता था कि लीना जैसी खूबसूरत लड़की उसके जैसा साधारण इंसान पसंद करे।
एक दिन लीना ने उसके कमरे में आकर कहा, "मुझमें क्या कमी है?"
अयान ने कहा, "तुममें कोई कमी नहीं है, तुम परफेक्ट हो।"
लीना ने कहा, "मैं तुमसे प्यार करती हूं। मैं हमेशा तुम्हारे साथ रहना चाहती हूं।"
अयान डर और संकोच में था, लेकिन उसने सोचा कि लीना ने उसे बचाया था, वह उसे नुकसान नहीं कर सकती। वह उसके प्यार को स्वीकार कर लिया।
लीना ने उसे उसकी बीमारियों और परेशानियों से राहत दी। तीन दिन तक अयान बुखार में था और लीना उसके पास बैठी रही।
धीरे-धीरे अयान पूरी तरह से ठीक हो गया। वह अब जान गया था कि वह लीना से बेइंतहा प्यार करता है।
उनकी मोहब्बत मजबूत हो गई, लेकिन कुछ चीजें अयान के लिए अजीब थीं। रात में लीना गायब हो जाती और अचानक प्रकट हो जाती। एक रात अयान ने देखा कि वह अचानक गायब हो गई और फिर चांदनी की तरह चमकती हुई सामने खड़ी थी।
लीना ने स्वीकार किया कि वह एक जिनजादी है, मगर उसने वादा किया कि वह अयान को कभी नुकसान नहीं पहुंचाएगी। अयान को भरोसा हो गया कि वह सुरक्षित है।
लीना की मदद से अयान ने अपनी बड़ी बहनों का दहेज पूरा किया और घर की हालत सुधर गई। उन्होंने अपनी हवेली बनाई और अयान के सारे सपने पूरे हुए।
लीना ने हमेशा उसके साथ रहकर उसकी मदद की और अयान ने उसे अपने दिल में जगह दी। धीरे-धीरे उनकी मोहब्बत मजबूत होती गई। अयान ने उसे पूछा, "क्या तुम मेरी दुल्हन बनोगी?" लीना ने शर्माते हुए हां कहा।
अब अयान और लीना दोनों एक-दूसरे के साथ खुश थे। लीना ने उसके परिवार की मुश्किलें भी हल कीं और उनका घर खुशहाल हो गया। अयान अब जान गया था कि सच्चा प्यार और साथ ही जिंदगी में सबसे बड़ी ताकत है।