unknown connection - 2 in Hindi Love Stories by Heena katariya books and stories PDF | अनजान रीश्ता - 2

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अनजान रीश्ता - 2

पारुल उसकी तसवीर बस मे देखकर वहि रुक जाती हे तभी नैना उसे फ़िर से अपने विचार से बहार ले आती हे और एसे देखकर वह गुस्सा हो जाती हे और उसके एसे उखडे हुए देखकर वह दुखी हो जाती हे जेसे हि पारुल को कुछ पुछ्ने हि वलि थी कि परुल फ़िर से सोन्ग सुन्ते हुये खवाबो कि दुनिया मे जा चुकि थि वह आश्मान कि ओर देखकर मुस्कुरा रही थी और मन हि मन सोच रही थी कि वो खुश होगा जहा भि होगा 


पारुल बस उसे देख हि रहि थि कि नैना उसे पुछती हैं कि वो मोबाइल मे देखकर पागल कि तरह क्यों मुस्कुरा रही हो तब पारुल ख्वाब कि दुनिया से बहार आती हे और अपनी इस रीयलीटी को देखकर फ़िर से दुखी हो जाती हे नैना काफ़ि दिनो से पारुल के एसे व्य्वहार से परेशान थी पर वो पुछ नहीं पा रहि थी कि क्या हुआ हे लेकिन वो जान्ती थी कि कुछ तो हुआ हे और ये कोइ मामुली बात नहीं हे 

दूसरी ओर अविनाश घर पर आता हे और नशे मे होने के वजह से अपने बेड पे जाते हि सो जाता हे उसकी हालत देख कर उसका दोस्त परेशान हो जाता हे लेकिन अविनाश बच्पन से हि इमोशनल था पर उसने इतना दुखी उसे कभी नहीं देखा  
जेसे हि वह जाने वाला था अविनाश केह रहा था-
"कि मत जाओ मत जाओ"
वह पिछे मूडकर देखता हे कि अविनाश निन्द मे हे और रो रहा हे फ़िर से अविनाश केहता हे मत जाओ पारुल 
यह सुनकर रोहन सोच मे पड़ जाता हे कि पारुल कोन हे जहा तक रोहन को पता हे अविनाश कि कोई भि इस नाम कि लड़कि के साथ रीलेशनशिप था ही नहीं फ़िर कोन हे ये पारुल यह सोचते सोचते वह अपने घर कि और निकल जाता हे
 

पारुल और नैना कोलेज पहूँचते हे और दोनो जल्दी से क्लास  मे जल्दि से एनटर होते हे आज कॉलेज मे सेमिनार और असाइमेट कि आखिरी तारीख हैं तो वह जल्दी से अपना असाइमेन्ट सब्मिट करा देती हे जेसे सब काम पुरा हुआ ब्रेक का बेल बजा और वो दोनो क्लास से भागते हुये केन्टीन कि ओर पहूँचती हे चाहे जो भी हो लेकिन पारुल का पेहला प्यार उसका खाना ही हैं वो चाहे दुखी हो या खुश खाना नहीं छोड़ सकती जेसे हि वह नैना के साथ बेमतलब कि बाते कर रही थी और अपने ही दुनिया मे खुश थी तभी उसके मोबाइल पे एक मेसेज आया जिस्से उस्के चेहरे का रंग हि उड गया और ना कुछ खा रही थी और ना ही वो पलके झपका रही थी यह देखकर नैना परेशान हो जाती हैं और उसे पुछ ही लेती है क्या हुआ लेकिन वो जल्दि से मेेसेज को इग्नोर करते हुये फ़िर से बिना मतलब कि बाते करने लगती हे तभी नैना फ़िर से केहती हे मे मोबाइल के बारे मे नहीं तुम्हे क्या हुआ उस्के बारे मे पुछ रही हु यह सुनकर पारुल कुछ नहीं कहती और फ़िर से नैना के वही सवाल के कारन वह केह्ति हे मुझे क्या हुआ हे अच्छी खाशी तो हु वह नैना के सवालो को इग्नोर करना चाहती थी इसलिए वह नैना से ओर कुछ नही केह्ती और वोशरुम चली जाती हैं वोशरुम मे वह मोबाइल मे फ़िर से वही मेसेज देखकर मानो उसकी धड़कन रुक गयी हो वो समज नहीं पा रही थी कि केसे जवाब दे इस मेसेज का

( note ; message kisne kiya aur kon he vo agle chapter me pata chalega)

वह फ़िर से वापस केन्टीनमे आती हे तो वहाँ नैना नहीं थी तो वह इधर उधर देखती हे लेकिन कहीं पे नहीं दिखाई देती तो वह क्लास कि और जाती हे तभी वह किसी से टकराती हे जब देख्ती हे तो सेम यानी की समीर जो की कॉलेज के ट्रस्टी का बेटा हे वह सॉरी कह कर निकल जाती हे और उसे बात करने का मोका तक नहीं देती
 
पारुल घर आकर अपने रूम मे चली जाती है और जब उसकी मम्मी खाने के लिए बुलाती हे तो वो मना कर देती हे 
अपने रूम मे जाने के बाद जब वह अपना मोबाइल निकाल कर मेसेज पढ़ती हैं तो वो समज नहीं पाती क्या करे फ़िर भी वो सोच ती है कि शायद यह मजाक होगा वह मेेसेज पढ़ती हैं 
Lucky contest winner :

मिस व्यास बेहद खुशी के साथ आपको सुचित किया जाता हे कि आप सुपर स्टार अविनाश को मिलने वाली लकी प्रतीस्पर्धी मे से एक हैं 

यह देखकर मानो वह सास लेना भुल गयी हो वो फ़िर धीरे धीरे सास अंदर बाहर करती है वो अब समझ नहीं पाती क्या करे फ़िर भी वह अपनी डीटेल्स उस नम्बर पर भेज देती हैं और रीप्लय का इंतजार करती है लेकिन रीपलाय नहीं आता तो वह समझती हे कि शायद किसी ने मजाक किया होगा और वह अपने कोलेज का वर्क करने लगती हे और शाम को नैना के साथ डीनर का प्लान हे तो वह तेयार हो रही हैं और फ़िर नैना को पिकअप करने के बाद होटेल पहुनचते हैं वहा दोनो अपने दोस्तों के साथ एन्जोय कर रहे होते हे और पारुल एसे ही इधर उधर देख रही होती हे कि उसका ध्यान सेम पर पड़ता है वो एक ही नज़र से इसी तरफ़ देख रहा होता हे उसे लग रहा हैं की शायद यह उसकी गलतफ़हमी होगी और अपना डीनर एन्जोय करने के बाद घर की और निकलती है और तभी नैना उसे बात करती हैं 
तो वो क्यों देख रहा था तुम्हे 
कोन 
इतनी भी भोली मत बनो और जल्दी से बताओ 
किसकी बात कर रही हो नेना 

समीर 
समीर??
हाँ वो तुम्हें घुर घुर के देख रहा था 
मुझे नहीं पता मुझे लगा शायद मेरी गलतफ़हमी होगी 
वेसे लूक मे काफ़ि अच्छा है 
नैना मे जानती हु तुम्हारा क्या मतलब है पर तुम भी जानती हो मेरा जवाब क्या है 
पर... 


वह उसे ड्रॉप करके घर पर चली जाती है जेसे ही पारुल घर पर पहुचती है तब वह रूम मे जाकर मोबाइल चेक करती हैं