rubi Ka badla in Hindi Horror Stories by Aditya books and stories PDF | रुबि का बदला

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रुबि का बदला

एक गांव में एक लड़की रहती थी जो बहुत ही गरीब थी उसे लड़की का नाम रूबी था रूबी देखने में बहुत ही सुंदर लड़की थीऔर कामकाजी लड़की भी थी घर का सारा काम अकेले संभालती थी और बाहर भी अपने दुकान को भी  देखती थीउसकी दुकान का नाम रूबी समोसे वाली के नाम से था रूबी बहुत अच्छा समोसा बना लेती थी और उसके दुकान पर काफी ग्राहकों की भीड़ भी लगी रहती थी दूर-दूर से लोग उसके यहां समोसे खाने के लिए आते थे रूबी के हाथों में जादू था मानो वह कभी भी किसी को ठगती नहीं थी एकदम इमानदारी से पैसे कमाती और ईमानदारी से उसे अपने घर को चलती थीउसके पिता थे लेकिन उसकी माँ नहीं थी उसके पिता के पैरों में पैरानोमलाइज हुआ था जिससे कि उसके पिता कोई काम नहीं कर सकते थे और दवाइयां भी काफी महंगी थी जिससे कि रूबी को यह कदम उठाना पड़ा था उसके दुकान पर एक लड़का ऐसा भी आता था जोबहुत ही बार उसके हाथ सेसमोसे ले जाता था और रूबी से बात भी करता थाएक दिन उसने रूबी को प्रपोज किया रूबी ने उसके प्रपोजल को ठुकरा दिया और कहा कि मैं यह काम मजबूरी में करती हूं इसका मतलब यह नहीं कि मैं किसी के साथ भी कहीं भी चली जाऊं मेरे पापा है मेरी जिंदगी में अपने पापा के लिए जिऊंगी मैं किसी से प्यार वगैरा नहीं करुंगी वह लड़का कहता है अच्छा ठीक हैएक दिन रूबी अपने दुकान को बंद करके अपने घर जा रही थीरास्ते में कुआं थापीछे से एक गाड़ी आई और रूबी को टक्कर मार दिया रूबी उछाल करके कुछ कुएं में गिर गई और उसकी मौत हो गयालेकिन रूबी को यह पता ही नहीं था कि आखिर उसकी टक्कर मारने वाला था कौनरूबी केअंतिम संस्कार के लिए उसका शव तक भी नहीं मिला गांव के चारों तरफ के लोग खोजते रहे लेकिन कहीं कुछ भी नहीं मिलाआखिर उसके दुकान पर भी ताला लग गया औरउसका पिताकी भैया आकस्मिक मौत हो गईवही सदमे को सह नहीं पाए और वह भीअपनी पत्नी के पास चले गए लेकिन उस रास्ते  पर अब जाना कोई पसंद नहीं करता था वहां के रास्तों से जो भी निकलता हैवह डरा हुआ रहता थावह सोचता कि आखिरइस रास्ते पर ऐसी हरकतें क्यों होती हैकभी भी कोई जाता तो पीछे से कोई पत्थर गिर जाता कभी कोई जाता तो कुएं में अचानक पानी का फवारा उठने लगता जब की कुएं में एक बुद भी पानी नहीं था कभी कोई जाता तो हुएमें जैसे मानो कोई एट फेंक हो  ऐसी आवाज आती कभी कोई ज्यादा तो कुएं में से चिल्लाने की आवाज आती है कभी कुएं के पास रोने की आवाज आती हैधीरे-धीरे सभी लोग नहीं हिम्मत बना करके उसे कुएं पर दिन में जाने का फैसला किया जब वह लोग वहां पर दिन में गए तो देख करके बिल्कुल हैरान हो गए वहां पर एकलाश गिरा हुआ थाइसके आधे शरीर पर से मांस गल चुका था बस हड्डियां ही दिख रही थी उसको निकल गया जब निकल गया बाहर तो बहुत ही बदबू कर रहा थाफिर उस लास को कुछ लोगो द्वारा पहचान लिया गया क्योंकि उस लास की अंगूठी भी रूबी की अंगूठी से मैच कर रही थी और लोगों ने उस को रुबि का लास समझ करके उसका अंतिम दाह संस्कार करकेउसकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना किया लेकिन इससे वह के रास्ते पर यह सब हरकतें होने बंद नहीं हुईजबकि ये सब करते और ही तेजी से होने एक दिन वहां से एक बूढ़ा आदमी गुजरता है वह बूढ़ा आदमीकहता है कि इस कुए  के पास कोई कोई बड़ी शक्ति रहती हैवह गांव वालों को बताता है और गांव वाले कहते हैं कि इस कुए में तो एक लड़की गिर करके मारी थी वह आदमी करता है इस कुए में लड़की गिर करके नहीं मरती है उसका एक्सीडेंट हुआ था और एक्सीडेंट जानबूझकर कर गया था इसलिए उसकी आत्मा भटक रही है उसको शांति करने के लिए जो भी इसका मुख्या होगा अगर वह अपनेगलती को मान ले तो उसको पता चल जाएगा मुझे किसने मारा और शायद ही वह उसे सजा देकर के अपने धाम को लौट जाएलेकिन उसमें से जो किया था और जो नहीं किया था किसी को भी आगे आने की हिम्मत नहीं हो रही थीफिर तांत्रिक ने वहां पर पूजा अनुष्ठान प्रारंभ कियाऔर उसे पता चल गया कि उसकी मौत किसने करी है और किस गाड़ी से हुई हैफिर उसे चुड़ैल कोयानी रूबी को और तांत्रिक बताता है किसी आदमी ने तुम्हें मार जब रूबी उसके चेहरे को देखते हैं तो वह ठहर जाती है और कहती है कि तुम तो वही हो जिसने मुझेप्रपोज किया थातुम जब मुझसे प्यार करते थे तुम मुझे मारा क्योंलड़का कहता है कि मैं तुम्हें पाने के लिए इतना अंधा हो चुका था किजब तुम नहीं मिली तो मैं तुमको सोचा कि अगर तुम मुझे नहीं मिली तो तुम किसी को भी नहीं मिलेगी और मैं तुम्हें मार दिया मुझे माफ करो और वह मगरमच्छ के आंसू रोने लगा लेकिन उससे भी माफ नहीं करती है और उसको वहीं पर मार देती है और करने के बादरूबी अपने आपअपने धाम को चली जाती है और फिर उसे गांव में वैसे ही हरियाली बरसात सब कुछ चालू हो जाती हैऔर फिर वह गांव खुशी से रहने लगता है