वाह! क्या थप्पड़ हैं

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कटनी मध्य प्रदेश (भारत ) एक बार मैं ट्रेन से सफर कर रहा था। कानों में लीड (Earphones) लगाए मैं गानों की धुन में मग्न था। मेरी आँखें बंद थीं और मैं मजे में गुनगुना रहा था। ट्रेन एक स्टेशन पर रुकी और वहाँ से एक लड़की आई, जो मेरे बगल वाली सीट पर आकर बैठ गई। मैं अपनी ही धुन में पागलपन कर रहा था कि तभी उसने मुझे टोका। मेरी आँखें खुलीं, मैं हड़बड़ा कर चारों तरफ देखने लगा कि मुझे कौन बुला रहा है। तभी मेरी नजर उस सुंदर सी लड़की पर पड़ी। उसे देखते ही मैं जैसे कहीं खो गया। वह मुझसे कह रही थी, “तुम ये क्या कर रहे हो? शांति से बैठ नहीं सकते? क्या मन ही मन गुनगुनाए जा रहे हो?”

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वाह! क्या थप्पड़ हैं - 1

लेखक -एसटीडी मौर्य ️दूरभाष +917648959825कटनी मध्य प्रदेश (भारत )एक बार मैं ट्रेन से सफर कर रहा था। कानों में (Earphones) लगाए मैं गानों की धुन में मग्न था। मेरी आँखें बंद थीं और मैं मजे में गुनगुना रहा था। ट्रेन एक स्टेशन पर रुकी और वहाँ से एक लड़की आई, जो मेरे बगल वाली सीट पर आकर बैठ गई।मैं अपनी ही धुन में पागलपन कर रहा था कि तभी उसने मुझे टोका। मेरी आँखें खुलीं, मैं हड़बड़ा कर चारों तरफ देखने लगा कि मुझे कौन बुला रहा है। तभी मेरी नजर उस सुंदर सी लड़की पर पड़ी। उसे देखते ...Read More

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वाह! क्या थप्पड़ हैं - 2

लेखक -एसटीडी मौर्य ️समाज में लव मैरिज को बढ़ावा देना क्यों ज़रूरी हैऐसा प्रश्न सुनकर हर व्यक्ति के मन अलग-अलग विचार उत्पन्न होते हैं। लोग सोचने लगते हैं कि वह लड़का और लड़की किस समाज के होंगे? क्या वे अपने ही वर्ग के होंगे या किसी दूसरे समाज से होंगे? अधिकतर लोगों की सोच इसी दिशा में चली जाती है।किन्तु जो लोग जाति-पाति के बंधनों को नहीं मानते, उन्हें इन बातों से कोई विशेष फर्क नहीं पड़ता। उनके लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह होती है कि उनके बच्चे खुशहाल रहें और एक-दूसरे को समझते हुए अपना जीवन बिताएँ। इसके ...Read More