हिम्मत न हारकमल चोपड़ाचलते-चलते अगम नदी तक आ पहुँचा था। कुछ देर तक वह पानी के तेज बहाव को देखता रहा फिर नदी के किनारे लगे एक पेड़ के तने से लिपट कर रोने लगा। आज विद्यालय में आठवीं कक्षा का परिणाम निकला था जिसमें वह अनुत्तीर्ण हो गया था। माँ-पिताजी दोनों क्या कहेंगे? वह घर नहीं लौटना चाहता था।माँ-पिताजी क्या कहेंगे? कितनी मुश्किल से अपना पेट काटकर तेरे विद्यालय का शुल्क भर रहे हैं और तू अनुत्तीर्ण हो गया? नालायक! निकम्मे! हाँ, मुझे मर जाना चाहिए। नदी में कूद कर मरने के लिए तो मैं यहाँ आया हूँ... घर