अन्तर्निहित - 41

  • 462
  • 168

[41]राहुल, नदीम, सोनिया, कपिल, सपन, निहारिका। सभी एक कक्ष में बैठकर न्यायालय द्वारा दिए गए तीन दिनों के समय में क्या करना है उसकी गंभीर चर्चा में लग गए। “इन तीन दिनों में कौन सा प्रमाण प्रस्तुत करेंगे, कपिल जी?” नदिम ने चिंता से पूछा। “वैसे तो कोई प्रमाण है ही कहाँ?” कपिल ने कहा। “राहुल और सोनिया। कुछ करो और कोई ठोस प्रमाण कपिल जी को दो।”“किन्तु कोई प्रमाण मिले तो न?” सोनिया ने कहा। “बिना प्रमाण के मैं कुछ नहीं कर सकता।”“आपको पैसे दिए गए है, आपने मांगे थे उतने सारे दिए हैं। तो आपको ही इसमें कुछ करना होगा।” नदीम ने