अंधेरी रात का साया

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---अंधेरी रात का साया लेखक: विजय शर्मा एरीप्रस्तावनारात का सन्नाटा हमेशा कुछ कहता है। कभी यह शांति का प्रतीक होता है, तो कभी डर और रहस्य का। आधी रात के समय जब पूरा गाँव नींद में डूबा था, तभी एक अजीब घटना ने सबको हिला दिया। यह कहानी उसी रहस्य की है, जो अंधेरी रात में जन्मा और धीरे-धीरे सबके सामने खुला।---भाग 1: गाँव का सन्नाटागाँव "रामपुर" छोटा सा था। चारों ओर खेत, बीच में तालाब और किनारे पर पुराना बरगद का पेड़। लोग दिनभर मेहनत करते और रात को जल्दी सो जाते। लेकिन उस रात, जब घड़ी ने बारह बजाए,