श्रापित एक प्रेम कहानी - 49

दुसरा आदमी कहता है--> पहले तो ना देखे है तन्ने यहां । ऐ कौन हो भाया और यहां के कर रहे हो ? चेतन कहता है--> में यहां पर नया हूँ और इस मेला को देखने आया  था बहुत सुना था इस मेला के बारे में , सोचा था के मेला देखकर रात को ही चला जाउगां पर कल जो उस भयानक देत्य तो देखा तो रात को निकलने की हिम्मत ना हुई । तभी पहला आदमी कहता है--> तो क्या तुम पुरी रात यही बाहर सर्दी मे बिताई ? चेतन कहता है --> नही भाया मैं तो बाहर ही रात बिताने वाला था