एपिसोड 5: "अधूरा सच और खून का रिश्ता"सुप्रीम यास्किन के निजी कक्ष में सन्नाटा इतना गहरा था कि सिया अपनी ही धड़कनें सुन सकता था। दीवार पर लगी उस तस्वीर में एक बेहद खूबसूरत महिला थी—जिसकी आँखें सिया की तरह ही गहरी नीली थीं और कलाई पर वही काला निशान था जो सिया के हाथ पर कभी-कभी चमकता था।"यह... यह कौन है?" सिया की आवाज़ कांप रही थी।यास्किन की आँखों में आंसू आ गए। वह धीरे से सिया के पास आया और उसके कंधे पर अपना कांपता हुआ हाथ रखा।"यह मेरी बेटी है, सिया... 'लायरा'।" यास्किन का गला रुंध गया।