श्रापित एक प्रेम कहानी - 12

चतुर कहता है ----- चतुर :- तुम दोनो पागल हो । अब यहां रुक के क्या फ़ायदा । जल्दी निकलो यहां से वर्ना अब हमलोग सब गायब हो जाएंगे । क्यूंकी वो इसी जंगल में रहता है । ये उसकी का चाल है , हममे से कोई नही बचेगा । एकांश गुस्से से कहता है ----एकांश :- आखीर क्या कर लेगा कुम्भन यहां आके जो तुम सब इतना डर रहे हो । इतने साल हो गए क्या किसीने कुम्भन को देखा है ? ये सब बातें पुरानी हो चुकी है । अब यहां कोई नही रहता सिवाय तुम्हारे डर के।तभी गुना कुछ