क्या आपने कभी खुद से ये सवाल किया है- "मैं कौन हूँ?" मीरा भी ऐसे ही एक सुबह इस सवाल के साथ जागती है। बाहर की दुनिया में जवाब ढूंढती हुई, वह अपने रिश्तों, अपनों और अजनबियों से टकराती है।लेकिन हर बार उत्तर अधूरा रह जाता है। यह कहानी है एक लड़की की उस गूढ़ तलाश की, जहाँ हर असफल उत्तर उसे अपने भीतर झाँकने को मजबूर करता है। यह सिर्फ मीरा की नहीं- हम सब की कहानी है।एक दिन मीरा सुबह उठकर हाथ में चाय का कप लिए बाहर आंगन में बैठी थी। तभी अचानक उसके मन में एक