hindi Best Spiritual Stories Books Free And Download PDF

Stories and books have been a fundamental part of human culture since the dawn of civilization, acting as a powerful tool for communication, education, and entertainment. Whether told around a campfire, written in ancient texts, or shared through modern media, Spiritual Stories in hindi books and stories have the unique ability to transcend time and space, connecting people across generations and...Read More


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8. आध्यात्मिक साधना शिविर-राष्ट्रीय सत्संग कार्यक्रम By श्री यशपाल जी महाराज (परम पूज्य भाई साहब जी)

इति मार्ग की साधना पद्धति 8. आध्यात्मिक साधना शिविर—राष्ट्रीय सत्संग कार्यक्रम अखिल भारतीय सन्तमत सत्संग की परम्परा के सद्‌गुरुओं का मूलभूत सिद्धान्त रहा है कि आन्तरिक ध्यान—योगाभ्...

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श्रीमद्भगतगीता महात्त्म्य सहित (अध्याय-१२) By Durgesh Tiwari

जय श्रीकृष्ण बंधुवर!भगवान श्री कृष्ण के अशीम कृपा से श्रीमद्भगवतगीता जी के बारहवें अध्याय को लेकर उपस्थित हूँ। आप सभी बंधुवर इस अध्याय के अमृतमय शब्दो को पढ़कर, सुनकर और सुनाकर अपना...

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पुनौराधाम By Archana Anupriya

सीता जी का अवतरण-स्थान--पुनौरा-धामपिछले दिनों एक पारिवारिक प्रसंग में अपने गांव जाना हुआ जो बिहार के सीतामढ़ी जिले में है और इसी क्रम में अत्यंत पवित्र स्थली “पुनौरा धाम”के दर्शन ह...

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जागो By सिद्धार्थ शुक्ला

#जागोकाई से लेकर सरीसृप तक और फिर सरीसृप से मनुष्य तक का चेतना का सफर किन किन आयामो से होकर गुज़रा होगा ये तो मात्र अनुमान ही लगाया जा सकता है मगर ये बात तय है कि मनुष्य शरीर एक ऐसा...

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मज़बूरी By Ajay Amitabh Suman

पैसे की तलाश में आदमी को क्या क्या न करना पड़ता है। मोहन एक छोटा सा व्यापारी था। घर में पत्नी के अलावा दो बच्चे थे। गाँव में उसकी कपड़ों की छोटी सी दुकान थी। इस दुकान से उसका जीवन या...

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गोपी गीत । - 2 By NSR...

।। श्री राधे ।।हमारे प्यारे स्वामी! तुम्हारे चरण , कमल से भी सुकोमल ओर सुन्दर है । जब तुम गौओं को चराने के लिए व्रज से निकलते हो , तब यह सोचकर कि तुम्हारे वे...

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भूत की पूजा (भाग - दो) By Krishna Chaturvedi

दो"बेटा दो दिन बाद तुम्हारा काउंसिलिंग है,तुमने बोला था देल्ही जाना है, कब निकलोगे।" कन्हैया की माँ बोली जब वो घर लौट कर आया। "हाँ माँ, टिकट बना लिया है, कल शाम को चार बजे ट्रेन है...

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कहाँ है मन? By Ajay Amitabh Suman

चीन का सम्राट अनगिनत जीत हासिल करके भी बहुत परेशान था। मन मे उठते हुए विचार उसके चितवन मे अनगिनत तरंगे पैदा कर रहे थे। उसकी आत्मा भीतर से बेचैन थी। वो जितना राज्यों पर जीत हासिल कर...

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पंचकन्या - भाग 1 - मानस By saurabh dixit manas

#पंचकन्या #भाग_1........#मानस यूँ तो सनातन धर्म में नारी सर्वत्र पूज्यनीय मानी जाती है। कहा जाता है कि यदि किसी यज्ञ को जोड़े में न किया जाय तो वो पूर्ण नहीं माना जाता चाहे वो यज्ञ...

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धन धन बाबा दीप सिंह जी By Deepti Khanna

धन धन बाबा डीप सिंह ,मेरे दुखहर्ता मेरे सुख कर्ता lजहां चारों ओर दुखों ने मुझे घेरा , तुमने आपके हाथ मेरा पकड़ा , पिता समान सही रास्ता दिखाया और मेरा हाथ पकड़ मुझे हर तमस से निकाला...

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नए व पुराने विचारों में गाँधी (lekh ) By Pranava Bharti

नए व पुराने विचारों में गाँधी --------------------------- कितनी-कितनी बातें --कितनी कितनी अफवाहें ,कितनी नाराज़गी और न जाने कितने लोगों की सहमति -असहमति जुड़ी है गाँधी के नाम से...

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भैरवी साधना एक परिचय By विजित शर्मा अघोरा

स्त्री केवल वासनापूर्ति का एक माध्यम ही नहीं, वरन शक्ति का उदगम भी होती है और यह क्रिया केवल सदगुरुदेव ही अपने निर्देशन में संपन्न करा सकते हैं। तंत्र के क्षेत्र में प्रविष्ट होने...

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रणछोड़ By Ajay Amitabh Suman

कोरोना में सारा देश बंद हो चूका है । वो तो भला हो फेसबुक और व्हात्त्सप्प का , लोगों का समय बड़े आराम से बीतता जा रहा है । मैं भी मोबाइल देख रहा था । उसमे एक मेसेज देखा । कृष्ण के बा...

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नृसिंह भगवान प्रकृति और पुरुष By Ajay Kumar Awasthi

भगवान नृसिंह मानव और पशु का रूप हैं इसे समझना होगा वस्तुतः यह प्रकृति और प्रकृति के स्वामी का रूप है । जब इस धरा पर मनुष्य असुर हो जाता है ,जब अपनी बुद्धि और कौशल से प्रकृति को कुच...

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ईश्वरत्व का अहंकार - 5 - अंतिम भाग By Mahesh Dewedy

ईश्वरत्व का अहंकार भाग-5 अलेक को अपने नवीन दायित्व के लिये पर्याप्त अनुभव नहीं था यद्यपि वह साम, दाम, दण्ड और भेद सभी कलाओं में निपुण था। उसे किसी विश्वसनीय सहायक की आवश्यकता थी और...

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आत्मा की आहत By swapna reddy

एक गांव में एक लड़की थी जिसका नाम था दक्षा |जो एक बेहद खुबसूरत लड़की थी |उसका गांव का नाम था येशानपुर |वो अपनी पढ़ाईपूरी करके जर्नलिस्म का काम कर रही थी |उसे बूथ प्रेतों में विश्वास न...

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ईश अनुभव By Ashish Garg Raisahab

मैं हर साल 31 दिसंबर को अपने मित्रों ले साथ बालाजी मंदिर सालासर (राजस्थान) ओर बाबा श्याम मन्दिर खाटूश्याम (राजस्थान) जाता हूँ , 2008 से 2018 तक मैं अनवरत इसी तरह साल दर साल गया हू...

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वृंदावन के गलियारों से कृष्ण तुम कहाँ गुम हो गए? By VANITA BARDE

वृंदावन के गलियारों से कृष्ण तुम कहाँ गुम हो गए? मन कुछ बहुत ही विचलित था। ईष्वर जो मात्र अनुभूति के स्तर पर ही प्राप्त हो सकता है जैसे इस चलती फिरती दुनिया में उसे पा लेना चाहती थ...

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छोटे से गाँव से निकलकर हैकर बनने तक का सफर : मृत्युंजय सिंह By Mrityunjay Singh

मृत्युंजय सिंह फाउंडर एंड सीईओ VGMSecurity मृत्युंजय सिंह (जन्म 26 जनवरी 1997) एक कंप्यूटर सुरक्षा सलाहकार और लेखक हैं। 21 वीं सदी के उत्तरार्ध में, उन्हें विभिन्न कंप्यूटर और संचा...

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इज्जत By Ravi Soni

इज्जत ( रविवार की एक रात में रवि और सागर नामके बचपन के दो दोस्त सागर के घर पर बैठे है | आज रवि थोड़ा उदास लग रहा है , सागर रवि को इस तरह उदा...

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स्कूल,टीचर किताब से आगे By Ajay Kumar Awasthi

आज सुबह से चारों ओर कोहरा छाया हुआ था मंदिर के सामने फैले बड़े से उद्यान के एक शेड के नीचे वे शांत बैठे कुछ सोच रहे थे तभी एक दो लोग मंदिर की सीढ़ियों से उतर कर सीधे उनके पास चले आए...

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मन की चंचलता By Ajay Amitabh Suman

(1) मन की चंचलता एक बार की बात है , गौतम बुद्ध अपने शिष्यों के साथ कहीं जा रहे थे.रास्ते में उन्हें प्यास लगी . उन्होंने अपने एक शिष्य से पानी लाने को कहा. शिष्य जलाशय की...

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अमरनाथ धाम By Rekha Shukla

अमरनाथ धाम संसारमे अनगिनत शब्दोका सर्जन हुआ है, उनमे ' धर्म ' शब्द श्रेष्ठत्तम हैं. ' धर्म ' यानी धारण करना. जो समाजको गरिमा दे, समाजको तूटरे हुऍ, तितरबितर होते हुऍ , अंधाधुंधव अ...

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हनुमान जी महाराज By Ajay Kumar Awasthi

गोस्वामी जी हनुमान चालीसा में लिखते हैं कि हनुमान जी महाराज शंकर सुवन हैं; केसरी नंदन हैं; अंजनी के पुत्र हैं ;और पवन सुत हैं, जिन्हें इन सभी नामों से पुकारा जाता है ।...

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लंकापति रावण By Ajay Kumar Awasthi

रावण बुद्धिमान था, ऋषिपुत्र था, पंडित था, वेदों का ज्ञाता था, देवाधिदेव महादेव का भक्त था. उन्हें अपना गुरु मानता था फिर क्या कारण था कि उसका और उसके पक्ष में खड़े कुल कुटुंब क...

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कृष्ण ऑन व्हाट्सएप्प By Ajay Amitabh Suman

मेरे एक मित्र ने कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर सोशल मीडिया पे वायरल हो रहे एक मैसेज दिखाया। इसमें भगवान श्रीकृष्ण को काफी नकारात्मक रूप से दर्शाया गया है। उनके जीवन की झांकी जिस तरह...

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8. आध्यात्मिक साधना शिविर-राष्ट्रीय सत्संग कार्यक्रम By श्री यशपाल जी महाराज (परम पूज्य भाई साहब जी)

इति मार्ग की साधना पद्धति 8. आध्यात्मिक साधना शिविर—राष्ट्रीय सत्संग कार्यक्रम अखिल भारतीय सन्तमत सत्संग की परम्परा के सद्‌गुरुओं का मूलभूत सिद्धान्त रहा है कि आन्तरिक ध्यान—योगाभ्...

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श्रीमद्भगतगीता महात्त्म्य सहित (अध्याय-१२) By Durgesh Tiwari

जय श्रीकृष्ण बंधुवर!भगवान श्री कृष्ण के अशीम कृपा से श्रीमद्भगवतगीता जी के बारहवें अध्याय को लेकर उपस्थित हूँ। आप सभी बंधुवर इस अध्याय के अमृतमय शब्दो को पढ़कर, सुनकर और सुनाकर अपना...

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पुनौराधाम By Archana Anupriya

सीता जी का अवतरण-स्थान--पुनौरा-धामपिछले दिनों एक पारिवारिक प्रसंग में अपने गांव जाना हुआ जो बिहार के सीतामढ़ी जिले में है और इसी क्रम में अत्यंत पवित्र स्थली “पुनौरा धाम”के दर्शन ह...

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जागो By सिद्धार्थ शुक्ला

#जागोकाई से लेकर सरीसृप तक और फिर सरीसृप से मनुष्य तक का चेतना का सफर किन किन आयामो से होकर गुज़रा होगा ये तो मात्र अनुमान ही लगाया जा सकता है मगर ये बात तय है कि मनुष्य शरीर एक ऐसा...

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मज़बूरी By Ajay Amitabh Suman

पैसे की तलाश में आदमी को क्या क्या न करना पड़ता है। मोहन एक छोटा सा व्यापारी था। घर में पत्नी के अलावा दो बच्चे थे। गाँव में उसकी कपड़ों की छोटी सी दुकान थी। इस दुकान से उसका जीवन या...

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गोपी गीत । - 2 By NSR...

।। श्री राधे ।।हमारे प्यारे स्वामी! तुम्हारे चरण , कमल से भी सुकोमल ओर सुन्दर है । जब तुम गौओं को चराने के लिए व्रज से निकलते हो , तब यह सोचकर कि तुम्हारे वे...

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भूत की पूजा (भाग - दो) By Krishna Chaturvedi

दो"बेटा दो दिन बाद तुम्हारा काउंसिलिंग है,तुमने बोला था देल्ही जाना है, कब निकलोगे।" कन्हैया की माँ बोली जब वो घर लौट कर आया। "हाँ माँ, टिकट बना लिया है, कल शाम को चार बजे ट्रेन है...

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कहाँ है मन? By Ajay Amitabh Suman

चीन का सम्राट अनगिनत जीत हासिल करके भी बहुत परेशान था। मन मे उठते हुए विचार उसके चितवन मे अनगिनत तरंगे पैदा कर रहे थे। उसकी आत्मा भीतर से बेचैन थी। वो जितना राज्यों पर जीत हासिल कर...

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पंचकन्या - भाग 1 - मानस By saurabh dixit manas

#पंचकन्या #भाग_1........#मानस यूँ तो सनातन धर्म में नारी सर्वत्र पूज्यनीय मानी जाती है। कहा जाता है कि यदि किसी यज्ञ को जोड़े में न किया जाय तो वो पूर्ण नहीं माना जाता चाहे वो यज्ञ...

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धन धन बाबा डीप सिंह ,मेरे दुखहर्ता मेरे सुख कर्ता lजहां चारों ओर दुखों ने मुझे घेरा , तुमने आपके हाथ मेरा पकड़ा , पिता समान सही रास्ता दिखाया और मेरा हाथ पकड़ मुझे हर तमस से निकाला...

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नए व पुराने विचारों में गाँधी (lekh ) By Pranava Bharti

नए व पुराने विचारों में गाँधी --------------------------- कितनी-कितनी बातें --कितनी कितनी अफवाहें ,कितनी नाराज़गी और न जाने कितने लोगों की सहमति -असहमति जुड़ी है गाँधी के नाम से...

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भैरवी साधना एक परिचय By विजित शर्मा अघोरा

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रणछोड़ By Ajay Amitabh Suman

कोरोना में सारा देश बंद हो चूका है । वो तो भला हो फेसबुक और व्हात्त्सप्प का , लोगों का समय बड़े आराम से बीतता जा रहा है । मैं भी मोबाइल देख रहा था । उसमे एक मेसेज देखा । कृष्ण के बा...

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नृसिंह भगवान प्रकृति और पुरुष By Ajay Kumar Awasthi

भगवान नृसिंह मानव और पशु का रूप हैं इसे समझना होगा वस्तुतः यह प्रकृति और प्रकृति के स्वामी का रूप है । जब इस धरा पर मनुष्य असुर हो जाता है ,जब अपनी बुद्धि और कौशल से प्रकृति को कुच...

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ईश्वरत्व का अहंकार - 5 - अंतिम भाग By Mahesh Dewedy

ईश्वरत्व का अहंकार भाग-5 अलेक को अपने नवीन दायित्व के लिये पर्याप्त अनुभव नहीं था यद्यपि वह साम, दाम, दण्ड और भेद सभी कलाओं में निपुण था। उसे किसी विश्वसनीय सहायक की आवश्यकता थी और...

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आत्मा की आहत By swapna reddy

एक गांव में एक लड़की थी जिसका नाम था दक्षा |जो एक बेहद खुबसूरत लड़की थी |उसका गांव का नाम था येशानपुर |वो अपनी पढ़ाईपूरी करके जर्नलिस्म का काम कर रही थी |उसे बूथ प्रेतों में विश्वास न...

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ईश अनुभव By Ashish Garg Raisahab

मैं हर साल 31 दिसंबर को अपने मित्रों ले साथ बालाजी मंदिर सालासर (राजस्थान) ओर बाबा श्याम मन्दिर खाटूश्याम (राजस्थान) जाता हूँ , 2008 से 2018 तक मैं अनवरत इसी तरह साल दर साल गया हू...

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वृंदावन के गलियारों से कृष्ण तुम कहाँ गुम हो गए? By VANITA BARDE

वृंदावन के गलियारों से कृष्ण तुम कहाँ गुम हो गए? मन कुछ बहुत ही विचलित था। ईष्वर जो मात्र अनुभूति के स्तर पर ही प्राप्त हो सकता है जैसे इस चलती फिरती दुनिया में उसे पा लेना चाहती थ...

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छोटे से गाँव से निकलकर हैकर बनने तक का सफर : मृत्युंजय सिंह By Mrityunjay Singh

मृत्युंजय सिंह फाउंडर एंड सीईओ VGMSecurity मृत्युंजय सिंह (जन्म 26 जनवरी 1997) एक कंप्यूटर सुरक्षा सलाहकार और लेखक हैं। 21 वीं सदी के उत्तरार्ध में, उन्हें विभिन्न कंप्यूटर और संचा...

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स्कूल,टीचर किताब से आगे By Ajay Kumar Awasthi

आज सुबह से चारों ओर कोहरा छाया हुआ था मंदिर के सामने फैले बड़े से उद्यान के एक शेड के नीचे वे शांत बैठे कुछ सोच रहे थे तभी एक दो लोग मंदिर की सीढ़ियों से उतर कर सीधे उनके पास चले आए...

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मन की चंचलता By Ajay Amitabh Suman

(1) मन की चंचलता एक बार की बात है , गौतम बुद्ध अपने शिष्यों के साथ कहीं जा रहे थे.रास्ते में उन्हें प्यास लगी . उन्होंने अपने एक शिष्य से पानी लाने को कहा. शिष्य जलाशय की...

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अमरनाथ धाम By Rekha Shukla

अमरनाथ धाम संसारमे अनगिनत शब्दोका सर्जन हुआ है, उनमे ' धर्म ' शब्द श्रेष्ठत्तम हैं. ' धर्म ' यानी धारण करना. जो समाजको गरिमा दे, समाजको तूटरे हुऍ, तितरबितर होते हुऍ , अंधाधुंधव अ...

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हनुमान जी महाराज By Ajay Kumar Awasthi

गोस्वामी जी हनुमान चालीसा में लिखते हैं कि हनुमान जी महाराज शंकर सुवन हैं; केसरी नंदन हैं; अंजनी के पुत्र हैं ;और पवन सुत हैं, जिन्हें इन सभी नामों से पुकारा जाता है ।...

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लंकापति रावण By Ajay Kumar Awasthi

रावण बुद्धिमान था, ऋषिपुत्र था, पंडित था, वेदों का ज्ञाता था, देवाधिदेव महादेव का भक्त था. उन्हें अपना गुरु मानता था फिर क्या कारण था कि उसका और उसके पक्ष में खड़े कुल कुटुंब क...

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कृष्ण ऑन व्हाट्सएप्प By Ajay Amitabh Suman

मेरे एक मित्र ने कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर सोशल मीडिया पे वायरल हो रहे एक मैसेज दिखाया। इसमें भगवान श्रीकृष्ण को काफी नकारात्मक रूप से दर्शाया गया है। उनके जीवन की झांकी जिस तरह...

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