माही: क्या कर रही है दिशा कितनी देर हो गई है अब चल ना दिशा: हां आई बस दो मिनट माही: तेरी वजह से मैं रोज लेट होती हु दिशा: सॉरी ना अब चलते ह चल [घर के भर का सीन] माही: दिशा आज स्कूटी में चलाऊं गी दिशा: नहीं नहीं, मुझे इतनी छोटी उम्र में नहीं मरना। माही: मैं स्कूटी ध्यान से चलाऊंगी सच में। Please na? Disha: तुझे पता है ना मैं तुम्हें ऐसा नहीं दे सकती तो ऐसा क्यों करती है तू माही:[मन में] इसलिए तो करती हूं दिशा: अब चल तो यही खड़ा रहनाहै क्या माही: हा चल [रास्ते के बीच का सीन एक बच्चा अचानक से उनकी स्कूटी के आगे आ जाता हैं और उनकी स्कूटी जाकर एक महंगी कर से टकराजती है]
Full Novel
दोस्ती में जान - 1
माही: क्या कर रही है दिशा कितनी देर हो गई है अब चल नादिशा: हां आई बस दो मिनटमाही: वजह से मैं रोज लेट होती हुदिशा: सॉरी ना अब चलते ह चल[घर के भर का सीन]माही: दिशा आज स्कूटी में चलाऊं गीदिशा: नहीं नहीं, मुझे इतनी छोटी उम्र में नहीं मरना।माही: मैं स्कूटी ध्यान से चलाऊंगी सच में। Please naDisha: तुझे पता है ना मैं तुम्हें ऐसा नहीं दे सकती तो ऐसा क्यों करती है तूमाही:[मन में] इसलिए तो करती हूंदिशा: अब चल तो यही खड़ा रहनाहै क्यामाही: हा चल[रास्ते के बीच का सीन एक बच्चा अचानक से उनकी ...Read More