मैकश की कविताएं

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कभी कभी ना चाहते हुए भी बहुत कुछ हो जाता है और इंसान के अंदर का शायर जाग जाता है और वो लिख देता है बहुत कुछ!मैंने भी वही किया और बन गया मैकश ।कुल 10 कवितायें हैं आप लोगों की पेशगी में।अब आप हाजिर नाजिर मेरे!