एपिसोड 39— आयत का छुपा हुआ फैसलासुबह के करीब दस बज रहे थे।सिटी हॉस्पिटल के कॉरिडोर में हमेशा की तरह मरीजों और स्टाफ की आवाजाही लगी हुई थी, लेकिन आयत के लिए उस वक्त जैसे पूरी दुनिया रुक गई थी।उसके हाथ में अभी भी वही मैसेज था—"अगर तुम अपनी माँ को जिंदा देखना चाहती हो, तो आज रात अकेले पुराने सेंट मेरीज़ हॉस्पिटल आना। अर्जुन को मत बताना।"आयत की उंगलियाँ काँप रही थीं।उसने मैसेज को कई बार पढ़ा।जिंदा...इस एक शब्द ने उसके अंदर सालों से दबे हुए उस दर्द को जगा दिया था, जिसे उसने कभी किसी के सामने ठीक