षड्यंत्र - भाग 7

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अभी तक आपने पढ़ा कि रितु होश में आने के बाद शर्म और पीड़ा से टूटकर अपने भाई किशन और माँ से लिपटकर रोने लगी। परिवार उसे संभालने की कोशिश करता है, पर उसकी बेबसी और दर्द सबको तोड़ देता है। किशन बदले की आग में जल रहा है, जबकि इंस्पेक्टर दीक्षित बताती हैं कि असली षड्यंत्रकारी रितु की मालकिन बीना है, जिससे अब किशन का गुस्सा और बढ़ जाता है। अब इसके आगे पढ़ें- इंस्पेक्टर दीक्षित से बात करने के तुरंत बाद पंकज भी गाँव से निकल चुका था। गाँव दूर होने के कारण उसे आने में काफ़ी वक़्त