उन्हीं में से एक मैं भी था, जो यहाँ तो आ गया था, पर मुझे कुछ भी पता नहीं था कि आगे क्या करना है, क्या पढ़ना है।इसलिए मैंने UPSC की कोचिंग जॉइन की।मैं नियमित रूप से कोचिंग जाता था।Regular classes, mock tests, practice—जो एक UPSC aspirant को करना चाहिए, वह सब मैं करता था।खूब मेहनत की, पढ़ाई में जी-जान लगा दी।ऐसे ही करते-करते एक साल बीत गया।Exam की तारीख आ गई थी।कुछ ही दिनों में मेरी परीक्षा थी, पर मुझे खुद पर confidence था।Exam वाले दिन मैं परीक्षा देने गया।इस बार मैंने अपना 100% दिया, क्योंकि पहला साल था