दूसरे दिन विजय जल्दी ही निशा के ऑफिस पहुंच गया और उसने चौकीदार से कहकर निशा से मिलने के लिए कहा,,,,,चौकीदार उसकी चिट्ठी ले कर अंदर गया लेकिन निशा ने इस बार भी गुस्से में उस को एक तरफ फेंक दिया है,,,,कुछ देर तक विजय ने इंतजार किया फिर वह गुस्से में ऑफिस के अंदर घुस गया,,,,चौकीदार ने उसे रोकने की बहुत कोशिश की लेकिन विजय नहीं रुका वह सीधे ही निशा के केबिन में पहुंच गया और बोला निशा मुझे तुमसे जरूरी बात करनी है,,,,,उसे देखकर निशा गुस्से में चौकीदार की तरफ देख कर बोली इसे अंदर किसने आने