अदाकारा - 8

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अदाकारा 8*      सुनील को आउटडोर से शाम 5 बजे तक आ जाना था। लेकिन आठ बजने आये थे और अभी तक उसका कोई पता नहीं था।उर्मिला बेसब्री से उसका इंतज़ार कर रही थी।    हर महीने मे दो बार सुनील को ऑफिस के काम से बैंगलोर जाना पड़ता था।चार-छह दिन रुकने के बाद,जब उसका काम पूरा हो जाता, तो वह ऑफिस जाने के बजाय सीधे घर आ जाता।क्योंकि वह जानता था कि उर्मिला वहाँ साँस रोके बैठी होगी और उसका इंतज़ार कर रही होगी।जैसे चातक पक्षी अपनी प्यास बुझाने के लिये बारिश का इंतज़ार करता है, वैसे ही