टूटे हुए दिलों का अश्पताल - 17

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एपिसोड 17 – विश्वासघात का सायाअस्पताल की घड़ी रात के तीन बजा रही थी, लेकिन ICU के अंदर तनाव बना हुआ था। स्नेहा अभी भी होश में नहीं थी, लेकिन उसके शरीर पर जलने के गहरे निशान उसकी दर्दनाक कहानी बयां कर रहे थे। डॉक्टरों ने उसे बचाने के लिए पूरी कोशिश की थी, लेकिन मानसिक और शारीरिक रूप से वह अब भी गंभीर स्थिति में थी।आदित्य ऑपरेशन थिएटर से बाहर आया और सीधे भावेश के पास गया, जो वेटिंग एरिया में सिर झुकाए बैठा था।"भावेश, स्नेहा के बारे में कुछ और बता सकते हो?" आदित्य ने सीधे सवाल किया।भावेश